मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 45 नई इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाई। 34 बसें नोएडा और 11 लखनऊ में चलेंगी, जिससे जेवर एयरपोर्ट समेत कई क्षेत्रों की कनेक्टिविटी को मजबूती मिलेगी।
लखनऊ। योगी सरकार ने सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 45 नई इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस सुविधा से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट समेत गौतमबुद्ध नगर क्षेत्र की कनेक्टिविटी को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने दिखाई 45 इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को अपने सरकारी आवास से 45 नई इलेक्ट्रिक बसों का फ्लैग ऑफ किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्रदेश में स्वच्छ, आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए सरकार लगातार काम कर रही है। कार्यक्रम के साथ नोएडा इलेक्ट्रिक बस डिपो का भी उद्घाटन किया गया।
परिवहन और इंफ्रास्ट्रक्चर में बदलाव का जिक्र
गौतमबुद्ध नगर के लिए आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने बुनियादी ढांचे और परिवहन के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। उनके अनुसार, वर्ष 2017 से पहले प्रदेश खराब सड़कों, कमजोर कानून-व्यवस्था और निवेश के लिए प्रतिकूल माहौल के लिए जाना जाता था, जबकि आज यह तेजी से विकास करने वाले राज्यों में शामिल है।
चार लाख किलोमीटर सड़क नेटवर्क विकसित
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में करीब चार लाख किलोमीटर का सड़क नेटवर्क विकसित किया जा चुका है। उनका कहना था कि बेहतर सड़क और एयर कनेक्टिविटी ने निवेश और आर्थिक गतिविधियों को नई रफ्तार दी है। इससे प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के बीच संपर्क और सुगमता भी बढ़ी है।
अयोध्या के विकास का किया उल्लेख
अपने संबोधन में योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में हुए विकास कार्यों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक उपेक्षा झेलने वाली रामनगरी आज आधुनिक सुविधाओं से लैस हो रही है। उन्होंने महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का उल्लेख करते हुए इसे प्रदेश के बदलते स्वरूप का उदाहरण बताया।
11 बसें लखनऊ और 34 नोएडा को मिलीं
उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की 45 नई इलेक्ट्रिक बसों में से 11 बसों का संचालन लखनऊ में और 34 बसों का संचालन नोएडा क्षेत्र में किया जाएगा। पहले चरण में लगभग 30 से 35 बसों को सड़कों पर उतारा जाएगा। सरकार का मानना है कि इससे यात्रियों को बेहतर और सुविधाजनक परिवहन सेवा मिलेगी।
जेवर एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी को मिलेगा फायदा
नई इलेक्ट्रिक बसों का संचालन नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण क्षेत्र में किया जाएगा। इससे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट यानी जेवर एयरपोर्ट तक पहुंचना और आसान होगा। क्षेत्र के यात्रियों को सार्वजनिक परिवहन का बेहतर विकल्प उपलब्ध होने की उम्मीद है।
ग्रीन ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा
सरकार का कहना है कि इलेक्ट्रिक बसें प्रदूषण कम करने और पर्यावरण संरक्षण में अहम भूमिका निभाएंगी। शोर और वायु प्रदूषण में कमी लाने के साथ यह पहल ग्रीन ट्रांसपोर्ट को भी मजबूती देगी। वहीं, नोएडा इलेक्ट्रिक बस डिपो शुरू होने से बसों के संचालन और रखरखाव की व्यवस्था अधिक प्रभावी हो सकेगी।