पूर्व गृह सचिव ओमप्रकाश श्रीवास्तव और भारती श्रीवास्तव 13 जून को भोपाल में नर्मदा परिक्रमा के आध्यात्मिक अनुभव साझा करेंगे। कार्यक्रम में नर्मदा के धार्मिक महत्व पर भी चर्चा होगी।
पूर्व गृह सचिव एवं सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी ओमप्रकाश श्रीवास्तव आगामी 13 जून को भोपाल में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में नर्मदा परिक्रमा के अपने आध्यात्मिक अनुभव साझा करेंगे। यह आयोजन कायस्थम संस्था द्वारा शिवाजी नगर स्थित दुष्यंत संग्रहालय में शाम 5 बजे से आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में उनकी धर्मपत्नी भारती श्रीवास्तव भी मौजूद रहेंगी। दंपति ने हाल ही में 147 दिनों में 3144 किलोमीटर लंबी नर्मदा पथ यात्रा पूरी की है, जिसे आध्यात्मिक और धार्मिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।
147 दिनों में पूरी की 3144 किलोमीटर की यात्रा
जानकारी के अनुसार, श्रीवास्तव दंपति ने अपनी नर्मदा परिक्रमा 10 दिसंबर 2025 को शुरू की थी, जो 5 मई 2026 को पूर्ण हुई। इस दौरान उन्होंने नर्मदा तट के विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों का भ्रमण किया। सेवानिवृत्ति के तुरंत बाद शुरू हुई इस यात्रा में दोनों ने न केवल धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लिया, बल्कि नर्मदा तट से जुड़े जनजीवन, संस्कृति और आस्था को भी करीब से अनुभव किया।
नर्मदा के धार्मिक महत्व पर होगी चर्चा
कायस्थम संस्था द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का विषय "नर्मदा परिक्रमा का धार्मिक महत्व और आध्यात्मिक अनुभव" रखा गया है। कार्यक्रम के दौरान श्रीवास्तव दंपति यात्रा से जुड़े संस्मरण साझा करेंगे और नर्मदा नदी की आध्यात्मिक परंपरा पर प्रकाश डालेंगे। आयोजकों के अनुसार उपस्थित नागरिकों को नर्मदा परिक्रमा की परंपरा, उसके धार्मिक महत्व और यात्रा के दौरान प्राप्त अनुभवों के बारे में विस्तार से जानकारी मिलेगी।
प्रतिभागियों के सवालों के भी देंगे जवाब
कार्यक्रम में कायस्थ समाज के साथ-साथ अन्य वर्गों के नागरिक भी भाग ले सकेंगे। आयोजन के दौरान प्रश्नोत्तर सत्र भी रखा गया है, जिसमें उपस्थित लोग नर्मदा परिक्रमा, यात्रा की चुनौतियों और आध्यात्मिक अनुभवों से जुड़े प्रश्न पूछ सकेंगे। ऐसे में यह आयोजन नर्मदा परिक्रमा में रुचि रखने वाले लोगों के लिए एक विशेष अवसर माना जा रहा है, जहां उन्हें प्रत्यक्ष अनुभव सुनने और मार्गदर्शन प्राप्त करने का मौका मिलेगा।