अयोध्या। जिले में दीपोत्सव के मुख्य आयोजनों को बिना गड़बड़ी निपटाने के लिए प्रशासन ने हर स्थल की अलग कमान तय कर दी है। उप राष्ट्रपति के आगमन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रमों को देखते हुए एयरपोर्ट से श्रीरामजन्मभूमि परिसर, नया घाट, रामकथा पार्क और राम की पैड़ी तक अधिकारी लगाए गए हैं। पांच नवंबर को जारी संसोधित आदेश में आयोजन स्थलों, शोभायात्रा, अतिथि दीर्घाओं और यातायात की निगरानी के लिए अलग मजिस्ट्रेट नामित किए गए हैं।
रामकथा पार्क और राम की पैड़ी की जिम्मेदारी
रामकथा पार्क की पूरी व्यवस्था मुख्य विकास अधिकारी कृष्ण कुमार सिंह संभालेंगे। मंच, विशिष्ट अतिथि दीर्घा, संत समाज और मीडिया गैलरी के लिए अलग अधिकारियों को जिम्मा दिया गया है। राम की पैड़ी पर अपर जिलाधिकारी अमित कुमार भट्ट आयोजन की निगरानी करेंगे। यहां मुख्यमंत्री के मंच, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, संत समाज की दीर्घा और अतिथियों के बैठने की व्यवस्था अलग अलग अधिकारियों के पास रहेगी। दीप प्रज्ज्वलन से जुड़े सभी काम अपर जिलाधिकारी नगर एवं मेलाधिकारी दिनेश की अगुवाई में होंगे।
एयरपोर्ट से जन्मभूमि और शोभायात्रा तक व्यवस्था
विशिष्ट अतिथियों के आने, दर्शन पूजन और कार्यक्रम स्थलों तक पहुंचने के लिए भी अलग इंतजाम किए गए हैं। एयरपोर्ट पर अपर जिलाधिकारी कौशल कुमार अतिथियों के आगमन और प्रस्थान की जिम्मेदारी देखेंगे। अपर नगर आयुक्त भारत और डिप्टी कलेक्टर गजेंद्र सिंह एयरपोर्ट से नया घाट होते हुए श्रीराम जन्मभूमि परिसर तक मार्ग और शांति व्यवस्था पर नजर रखेंगे।
साकेत महाविद्यालय बंधा तिराहे से रामकथा पार्क तक निकलने वाली शोभायात्रा की कमान मुख्य राजस्व अधिकारी गजेंद्र कुमार के पास रहेगी। उनके साथ जिला पूर्ति अधिकारी बृजेश कुमार मिश्र, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी मोहन त्रिपाठी और दूसरे अधिकारी यात्रा के अलग अलग हिस्सों में व्यवस्था संभालेंगे।
भीड़ को देखते हुए ट्रैफिक और आरती स्थल पर खास नजर
दीपोत्सव में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रहेगी, इसलिए यातायात, पार्किंग, बैरिकेडिंग और आवाजाही की व्यवस्था अहम होगी। राम की पैड़ी, सरयू आरती स्थल और प्रमुख घाटों पर श्रद्धालुओं की सुविधा पर निगरानी रखी जाएगी। नया घाट के सरयू आरती स्थल की पूरी व्यवस्था अपर जिलाधिकारी प्रशासन विशु राजा और उप जिला मजिस्ट्रेट पवन कुमार शर्मा देखेंगे। पूरी यातायात व्यवस्था अपर जिलाधिकारी इंद्राकांत द्विवेदी के जिम्मे है।
जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी ने कहा कि श्रद्धालुओं और अतिथियों की सुविधा व सुरक्षा पहली प्राथमिकता है। सभी प्रमुख आयोजन स्थलों की जिम्मेदारी तय कर दी गई है और संबंधित विभागों को आपसी तालमेल से व्यवस्था पक्की करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी को असुविधा न हो।