9 जून को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के तौर पर नया इतिहास रच सकते हैं। वे जवाहरलाल नेहरू का दशकों पुराना रिकॉर्ड पीछे छोड़ देंगे। जानिए पूरा गणित।
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 9 जून को भारतीय राजनीति में एक नया अध्याय जोड़ने जा रहे हैं। इसी दिन उनके तीसरे कार्यकाल के दो साल पूरे होंगे और इसके साथ ही वह लगातार सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री रहने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लेंगे। अब तक यह उपलब्धि देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के नाम दर्ज थी। नेहरू ने निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में लगातार 4,397 दिन तक पद संभाला था। मोदी 4,398वें दिन के साथ यह रिकॉर्ड पीछे छोड़ देंगे।
इस उपलब्धि को लेकर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) भी खास तैयारी में है। 10 जून को होने वाली एनडीए मुख्यमंत्रियों की बैठक में प्रधानमंत्री को बधाई देने का प्रस्ताव लाया जा सकता है।
73 साल पुराने रिकॉर्ड से आगे निकलेंगे मोदी
जवाहरलाल नेहरू ने 13 मई 1952 को पहले आम चुनाव के बाद निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली थी। इसके बाद वह लगातार 12 साल और 14 दिन यानी 4,397 दिन तक इस पद पर बने रहे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 मई 2014 को पहली बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी। 9 जून 2026 को वह लगातार 4,398 दिन पूरे कर लेंगे और निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में सबसे लंबे कार्यकाल का नया रिकॉर्ड स्थापित करेंगे।
एनडीए बैठक में होगा विशेष प्रस्ताव
सूत्रों के अनुसार 10 जून को होने वाली एनडीए मुख्यमंत्रियों की बैठक में प्रधानमंत्री मोदी की इस उपलब्धि पर विशेष प्रस्ताव पेश किया जाएगा। यह प्रस्ताव आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री और टीडीपी प्रमुख एन. चंद्रबाबू नायडू रख सकते हैं। बताया जा रहा है कि प्रस्ताव में पिछले 12 वर्षों के दौरान केंद्र सरकार की प्रमुख योजनाओं, विकास कार्यों और राजनीतिक उपलब्धियों का भी उल्लेख किया जाएगा। सहयोगी दलों के नेता भी इस प्रस्ताव का समर्थन करेंगे।
पहले ही बना चुके हैं कई बड़े रिकॉर्ड
प्रधानमंत्री मोदी पहले ही देश के सबसे लंबे समय तक पद पर रहने वाले गैर-कांग्रेसी प्रधानमंत्री बन चुके हैं। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के 2,272 दिनों के कार्यकाल को काफी पहले पीछे छोड़ दिया था। इसके अलावा वह ऐसे पहले गैर-कांग्रेसी नेता हैं जिन्होंने लगातार तीन लोकसभा चुनाव जीतकर केंद्र में सरकार बनाई। लगातार चुनावी सफलता और लंबे कार्यकाल ने उन्हें भारतीय राजनीति के सबसे प्रभावशाली नेताओं की सूची में शामिल कर दिया है।
मुख्यमंत्री से प्रधानमंत्री तक 9 हजार दिन से ज्यादा का सफर
नरेंद्र मोदी ने 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभाली थी। इसके बाद मई 2014 तक वह राज्य के मुखिया रहे और फिर देश के प्रधानमंत्री बने। अगर मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री दोनों कार्यकाल को जोड़ दिया जाए तो मोदी चुनी हुई सरकारों के प्रमुख के रूप में 9,000 से अधिक दिन पूरे कर चुके हैं। यह आंकड़ा भारतीय लोकतंत्र में किसी भी समकालीन नेता के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।
नेहरू के कुल कार्यकाल का रिकॉर्ड अभी भी कायम
हालांकि लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में मोदी नया रिकॉर्ड बनाने जा रहे हैं, लेकिन कुल प्रधानमंत्री कार्यकाल के मामले में नेहरू अब भी आगे हैं। नेहरू 15 अगस्त 1947 से 27 मई 1964 तक प्रधानमंत्री रहे थे। उनका कुल कार्यकाल 6,130 दिनों का था। इसमें स्वतंत्रता के बाद पहले आम चुनाव तक अंतरिम सरकार के प्रमुख के रूप में बिताया गया समय भी शामिल है। इसलिए कुल कार्यकाल के मामले में यह रिकॉर्ड अभी भी नेहरू के नाम दर्ज है।