1 मई से कॉमर्शियल गैस सिलेंडर ₹994 तक महंगा हो गया। ऑनलाइन गेमिंग नियम समेत मई 2026 में हुए 4 बड़े बदलाव जानिए।
मई महीने की शुरुआत आम लोगों और कारोबारियों के लिए कई बड़े बदलावों के साथ हुई है। सबसे बड़ा असर कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में भारी बढ़ोतरी से देखने को मिल रहा है। 1 मई से कॉमर्शियल LPG सिलेंडर ₹994 तक महंगा हो गया है। इसके अलावा छोटू सिलेंडर, ऑनलाइन गेमिंग नियम और ईंधन एक्सपोर्ट से जुड़े नए फैसले भी लागू हो गए हैं।
दिल्ली में अब कॉमर्शियल गैस सिलेंडर ₹3071.50 में मिलेगा। पहले इसकी कीमत ₹2078.50 थी। ऐसे में होटल, रेस्टोरेंट और छोटे कारोबारियों की लागत बढ़ना तय माना जा रहा है।
कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत में बड़ा उछाल
तेल कंपनियों ने 19 किलो वाले कॉमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमतों में बड़ा इजाफा किया है। नई दरें 1 मई से लागू हो गई हैं।
दरअसल, इस बढ़ोतरी का सीधा असर होटल, ढाबा, चाय-नाश्ता दुकानों और कैटरिंग कारोबार पर पड़ सकता है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में खाने-पीने की चीजें महंगी हो सकती हैं।
दिल्ली में नई कीमत
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पुरानी कीमत: ₹2078.50
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नई कीमत: ₹3071.50
छोटू सिलेंडर भी हुआ महंगा
5 किलो वाले फ्री ट्रेड LPG (FTL) सिलेंडर यानी ‘छोटू सिलेंडर’ की कीमत भी ₹261 बढ़ गई हैअब इसकी नई कीमत ₹813.50 हो गई है, जबकि पहले यह ₹552.50 में मिलता था। हालांकि 5 किलो घरेलू सिलेंडर की कीमत फिलहाल ₹339 पर स्थिर रखी गई है। यह सिलेंडर खासतौर पर प्रवासी मजदूर,छात्र,छोटे दुकानदार ज्यादा इस्तेमाल करते हैं, क्योंकि इसे बिना एड्रेस प्रूफ के भी खरीदा जा सकता है।
आज से लागू हुए नए Online Gaming Rules 2026
1 मई से देश में ‘ऑनलाइन गेमिंग रूल्स 2026’ भी लागू हो गए हैं। इसके तहत ‘ऑनलाइन गेमिंग अथॉरिटी ऑफ इंडिया’ (OGAI) बनाई जाएगी। अब गेम्स को तीन कैटेगरी में बांटा जाएगा
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Online Money Games
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Online Social Games
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E-Sports
मनी गेम्स पर रोक रहेगी, जबकि अन्य प्लेटफॉर्म्स के लिए रजिस्ट्रेशन जरूरी होगा।
नए नियमों में क्या खास?
सरकार का मानना है कि इससे ऑनलाइन धोखाधड़ी और गेमिंग की लत पर नियंत्रण लगेगा।
डीजल और ATF एक्सपोर्ट हुआ सस्ता
केंद्र सरकार ने डीजल और ATF यानी हवाई ईंधन पर लगने वाली स्पेशल एक्साइज ड्यूटी में कटौती की है।
नई ड्यूटी दरें
अब समझिए… इसका फायदा भारतीय रिफाइनिंग कंपनियों को मिल सकता है, क्योंकि विदेशी बाजारों में ईंधन बेचना सस्ता होगा।
हालांकि सरकार ने साफ किया है कि घरेलू पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर इसका असर नहीं पड़ेगा।
UAE ने OPEC और OPEC+ से बनाई दूरी
1 मई से संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने OPEC और OPEC+ समूह से अलग होने का फैसला लागू कर दिया है यह फैसला इसलिए अहम माना जा रहा है क्योंकि OPEC दुनिया के बड़े तेल उत्पादक देशों का समूह है, जो वैश्विक तेल सप्लाई और कीमतों को प्रभावित करता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि UAE अब उत्पादन बढ़ा सकता है, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव बन सकता है भारत जैसे तेल आयातक देशों के लिए यह भविष्य में राहत की खबर भी साबित हो सकती है।