विश्व रेडक्रॉस दिवस पर भोपाल में निःशुल्क सुपर स्पेशलिटी स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। कैंप में कैंसर जांच सहित कई विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध रहीं।
Indian Red Cross Society की राज्य शाखा भोपाल द्वारा विश्व रेडक्रॉस दिवस के अवसर पर गुरुवार को रेडक्रॉस चिकित्सालय परिसर में निःशुल्क सुपर स्पेशलिटी स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विभिन्न रोगों के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मरीजों की जांच और परामर्श दिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मरीज पहुंचे। खास बात यह रही कि महिलाओं के लिए स्तन कैंसर और सर्विक्स कैंसर की एडवांस मशीनों से जांच भी की गई। शिविर में सभी क्लीनिकल जांचों पर 50 प्रतिशत तक की रियायत दी गई।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि Dr. Ajay Khemaria ने कहा कि चिकित्सकों का प्रारब्ध इतना प्रबल होता है कि उन्हें ईश्वर सेवा के कौशल के साथ धरती पर भेजता है। उन्होंने कहा कि कई लोग पहले धन कमाते हैं और बाद में सेवा के अवसर तलाशते हैं, जबकि डॉक्टर सीधे मानव सेवा से जुड़े होते हैं। उन्होंने मध्य प्रदेश में रेडक्रॉस की नई टीम के नेतृत्व में चल रहे सेवा कार्यों की सराहना भी की।
इस वर्ष की थीम थी 'मानवता को जीवित रखना'
रेडक्रॉस महासचिव Ramendra Singh ने बताया कि इस वर्ष विश्व रेडक्रॉस दिवस की थीम “मानवता को जीवित रखना” रखी गई है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए आमजन के स्वास्थ्य कल्याण के लिए यह शिविर आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी जिलों में रेडक्रॉस इकाइयों के माध्यम से सेवा कार्य लगातार किए जा रहे हैं और सेवा सप्ताह के दौरान जरूरतमंदों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
जूनियर रेडक्रॉस के जरिए छात्रों को मिलेगा प्रशिक्षण
रेडक्रॉस चेयरमैन Dr. Shyam Singh Kumre ने बताया कि मध्य प्रदेश में जूनियर रेडक्रॉस के माध्यम से स्कूली और महाविद्यालयीन विद्यार्थियों को प्राथमिक उपचार और आपदा बचाव का प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रदेश प्रबंधन समिति के सदस्य Vivek Chaturvedi ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।

कैंप में मिली कई विशेषज्ञ सेवाएं
चिकित्सालय संयोजक Dr. Abhijeet Deshmukh ने बताया कि शिविर में हड्डी रोग, हृदय रोग, स्त्री रोग, नेत्र रोग, शिशु रोग, छाती एवं श्वास रोग, दंत रोग, चर्म रोग, सर्जरी और नाक-कान-गला रोग जैसी विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध कराई गईं। शिविर में विशेषज्ञ चिकित्सक Dr. Nitin Garg, Dr. Atul Samainya, Dr. Amit Jain, Dr. Mahendra Chauhan, Dr. Aniruddha Tiwari और Dr. Rupesh Jain ने मरीजों का परीक्षण और उपचार किया।