मथुरा में फरसा वाले बाबा की मौत के बाद सीएम योगी ने लखनऊ में गो संरक्षण पर अहम बैठक की। अधिकारियों के साथ योजनाओं और व्यवस्थाओं पर चर्चा हुई।
योगी आदित्यनाथ ने राजधानी लखनऊ में गो संरक्षण को लेकर उच्चस्तरीय बैठक की। यह बैठक मथुरा में ‘फरसा वाले बाबा’ की मौत के बाद बुलाई गई, जिससे इसकी अहमियत और बढ़ गई है।
बैठक में कौन-कौन शामिल
सीएम आवास पर हुई इस बैठक में पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह, कृषि उत्पादन आयुक्त, अपर मुख्य सचिव सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष भी बैठक में शामिल हुए। अधिकारियों ने प्रदेश में गो संरक्षण से जुड़ी मौजूदा व्यवस्थाओं और योजनाओं की समीक्षा की।
मथुरा घटना के बाद बढ़ी संवेदनशीलता
मथुरा में गो-रक्षक के रूप में पहचान रखने वाले ‘फरसा वाले बाबा’ की मौत के बाद इलाके में तनाव का माहौल है। स्थानीय स्तर पर प्रदर्शन जारी हैं और प्रशासन अलर्ट मोड पर है। ऐसे में इस बैठक को स्थिति संभालने और भविष्य की रणनीति तय करने के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार बैठक में निम्न बिंदुओं पर फोकस रहा
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गो संरक्षण योजनाओं की समीक्षा
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गौशालाओं की स्थिति और प्रबंधन
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अवैध गोवंश तस्करी रोकने के उपाय
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कानून-व्यवस्था को लेकर निर्देश
सरकार का रुख क्या
पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह ने हाल ही में कहा था कि गोहत्या को लेकर निकाली जा रही यात्राओं को दुष्प्रचार बताया जा रहा है। सरकार का कहना है कि गो संरक्षण को लेकर प्रदेश में सख्त नीति लागू है और किसी भी तरह की अव्यवस्था बर्दाश्त नहीं की जाएगी। राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर यह बैठक आने वाले दिनों में सख्त फैसलों का संकेत मानी जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि मथुरा की घटना के बाद सरकार गो संरक्षण और कानून-व्यवस्था को लेकर ज्यादा सतर्क रुख अपना सकती है।