कुवैत एयरपोर्ट पर ईरान का ड्रोन हमला, फ्यूल टैंक में आग। इराक में अमेरिका के 23 ठिकानों पर हमले का दावा। मिडिल ईस्ट में तनाव और गहराया।
मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच हालात और गंभीर होते जा रहे हैं। ईरान ने कुवैत के इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला किया, जिसमें फ्यूल टैंक में आग लगने की खबर है। इस हमले के बाद क्षेत्र में सुरक्षा अलर्ट बढ़ा दिया गया है।
कुवैत में हाई अलर्ट, कई ड्रोन मार गिराए
कुवैत की सेना ने बताया कि एयर डिफेंस सिस्टम ने कई ड्रोन और मिसाइलों को हवा में ही नष्ट कर दिया। कुवैत नेशनल गार्ड के अनुसार, कम से कम पांच ड्रोन मार गिराए गए हैं.सेना ने नागरिकों से अपील की है कि वे सुरक्षा निर्देशों का पालन करें और अफवाहों से बचें।
इराक में अमेरिकी ठिकानों पर हमले का दावा
इसी बीच, इस्लामिक रेजिस्टेंस इन इराक नामक उग्रवादी समूह ने दावा किया है कि उसने पिछले 24 घंटे में अमेरिका से जुड़े 23 ठिकानों पर ड्रोन और मिसाइल हमले किए हैं।हालांकि, इन हमलों में हुए नुकसान की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हो सकी है।गाजा के सेंट्रल इलाके में इजराइल की एयरस्ट्राइक में चार लोगों की मौत की खबर है। वहीं, तेल अवीव पर भी मिसाइल हमलों की सूचना सामने आई है, जिससे कई जगहों पर नुकसान हुआ है।
जंग का मानवीय असर बढ़ता जा रहा
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अब तक इस संघर्ष में करीब 1,500 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 18 हजार से अधिक लोग घायल हुए हैं। मृतकों में बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग शामिल हैं.स्वास्थ्य सेवाओं पर भी असर पड़ा है, कई हेल्थ वर्कर्स घायल हुए हैं और कुछ की जान गई है।
‘एस्केलेशन ट्रैप’ का खतरा
अमेरिकी रक्षा विशेषज्ञ रॉबर्ट पेप ने चेतावनी दी है कि यह संघर्ष “एस्केलेशन ट्रैप” में फंस सकता है। उनके अनुसार, छोटे हमलों से शुरू हुआ तनाव बड़े युद्ध का रूप ले सकता है.उन्होंने कहा कि अगर हालात नहीं संभले तो होर्मुज स्ट्रेट पर असर पड़ सकता है, जहां से दुनिया का बड़ा हिस्सा तेल सप्लाई होता है। इससे वैश्विक अर्थव्यवस्था और ऊर्जा बाजार पर बड़ा प्रभाव पड़ सकता है।
अमेरिका में युद्ध रोकने का प्रस्ताव गिरा
अमेरिका की सीनेट में ईरान के साथ बढ़ते संघर्ष को रोकने के लिए लाया गया प्रस्ताव खारिज हो गया। डेमोक्रेटिक पार्टी की ओर से लाए गए प्रस्ताव को पर्याप्त समर्थन नहीं मिल सका।
फिलीपींस में एनर्जी इमरजेंसी लागू
फिलीपींस ने बढ़ते वैश्विक ऊर्जा संकट के बीच देश में एनर्जी इमरजेंसी लागू कर दी है। सरकार का कहना है कि तेल सप्लाई प्रभावित होने और कीमतें बढ़ने के कारण यह कदम उठाया गया है।
ईरान ने बातचीत से किया इनकार
ईरान ने डोनाल्ड ट्रम्प के उस दावे को खारिज कर दिया है, जिसमें उन्होंने दोनों देशों के बीच बातचीत की बात कही थी। ईरानी अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि फिलहाल कोई वार्ता नहीं चल रही है।