मिडिल ईस्ट जंग के बीच सोना ₹12 हजार और चांदी ₹31 हजार तक सस्ती। निवेशक कैश की ओर बढ़े, बाजार में उतार-चढ़ाव तेज। जानिए कीमत गिरने की वजह।
मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध के असर से कमोडिटी बाजार में बड़ा उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। सोमवार को सोने और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई। India Bullion and Jewellers Association के मुताबिक 24 कैरेट सोना 10 ग्राम पर ₹12,077 गिरकर ₹1.35 लाख के करीब पहुंच गया है। वहीं चांदी ₹30,864 टूटकर ₹2.01 लाख प्रति किलो रह गई है।
24 दिन में सोना ₹24 हजार, चांदी ₹65 हजार सस्ती
पिछले करीब 24 दिनों में कीमती धातुओं में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है।
सोना करीब ₹23,956 सस्ता हुआ
चांदी ₹65,200 तक टूट चुकी है
जनवरी में रिकॉर्ड ऊंचाई छूने के बाद अब बाजार में तेज करेक्शन देखा जा रहा है।
मिडिल ईस्ट जंग का सीधा असर
Strait of Hormuz के आसपास बढ़ते तनाव और Middle East में जारी संघर्ष ने वैश्विक बाजारों को अस्थिर कर दिया है।आमतौर पर युद्ध के समय सोने को सुरक्षित निवेश माना जाता है, लेकिन इस बार तस्वीर उलट है। निवेशक जोखिम से बचने के लिए गोल्ड और सिल्वर बेचकर कैश होल्ड कर रहे हैं।कमोडिटी एक्सपर्ट्स के अनुसार, यह “सेफ हेवन” से “लिक्विडिटी” की ओर शिफ्ट का संकेत है।
कीमत गिरने की 3 बड़ी वजहें
1. कैश की ओर झुकाव
अनिश्चित माहौल में निवेशक नकदी रखना ज्यादा सुरक्षित मान रहे हैं।
2. प्रॉफिट बुकिंग
जनवरी में रिकॉर्ड हाई के बाद बड़े निवेशकों ने मुनाफा वसूली शुरू कर दी।
3. ब्याज दरों का दबाव
अमेरिका में सख्त मौद्रिक नीति के कारण गोल्ड की मांग कमजोर हुई है।
ऑल टाइम हाई से बड़ी गिरावट
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तारीख
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सोना (₹/10 ग्राम)
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चांदी (₹/किलो)
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29 जनवरी 2026
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₹1.76 लाख
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₹3.86 लाख
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23 मार्च 2026
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₹1.35 लाख
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₹2.01 लाख
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शहरों में अलग-अलग क्यों होते हैं दाम?
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ट्रांसपोर्ट और सुरक्षा लागत
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स्थानीय मांग और खपत
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ज्वेलरी एसोसिएशन का प्रभाव
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पुराने स्टॉक की खरीद कीमत
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक पश्चिम एशिया में तनाव बना रहेगा, बाजार में अस्थिरता जारी रह सकती है। कमोडिटी एक्सपर्ट अजय केडिया के अनुसार, फिलहाल निवेशकों को सावधानी बरतनी चाहिए और जल्दबाजी में खरीदारी से बचना चाहिए।