टी-20 वर्ल्ड कप में खराब प्रदर्शन के बाद PCB ने हर खिलाड़ी पर 50 लाख पाकिस्तानी रुपये का जुर्माना लगाया। भारत से हार के बाद सख्त फैसला लिया गया।
क्रिकेट में टूर्नामेंट खेलने पर टीम के जीतने पर इनाम मिलना आम बात है। इसमें बोनस, सम्मान, कॉन्ट्रैक्ट अपग्रेड जैसे ईनाम मिलना शामिल होता है। खिलाड़ियों को हमने ईनाम मिलते अक्सर देखते हैं। लेकिन हार पर सजा? वो भी लाखों का जुर्माना? ऐसा कम ही सुनने को मिलता है। लेकिन पाकिस्तान में खिलाड़ियों के साथ इस बार कुछ ऐसा ही हुआ है।.
दरअसल, टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद Pakistan Cricket Board (PCB) ने अपनी ही टीम पर कड़ा कदम उठाया है। रिपोर्ट के मुताबिक, हर खिलाड़ी पर 50 लाख पाकिस्तानी रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
भारत से हार के बाद सख्त फैसला
बताया जा रहा है कि भारत के खिलाफ हार के तुरंत बाद ही यह फैसला टीम को सुना दिया गया था। बोर्ड अधिकारियों ने साफ कहा कि अगर अच्छा खेलोगे तो इनाम मिलेगा, खराब खेलोगे तो सजा भी मिलेगी। पाकिस्तानी फैंस पहले ही टीम से नाराज थे, अब बोर्ड ने भी सख्त रुख दिखा दिया है।
किसे कितना झटका?
पाकिस्तान में नेशनल टीम के खिलाड़ियों को चार कैटेगरी में सैलरी मिलती है:
A कैटेगरी – करीब 65 लाख रुपये महीना
B कैटेगरी – करीब 45 लाख रुपये
C कैटेगरी – करीब 20 लाख रुपये
D कैटेगरी – करीब 12.50 लाख रुपये
हालांकि जुलाई 2025 से जून 2026 के कॉन्ट्रैक्ट में किसी खिलाड़ी को A कैटेगरी में नहीं रखा गया। ऐसे में B कैटेगरी के खिलाड़ियों की लगभग एक महीने की सैलरी कट जाएगी। वहीं, C और D कैटेगरी के खिलाड़ियों को तो दो से तीन महीने की कमाई जुर्माने में देनी पड़ सकती है। यानी प्रदर्शन की कीमत सच में भारी पड़ गई है।
सुपर-8 तक पहुंचे, लेकिन सफर यहीं खत्म
पाकिस्तान क्रिकेट टीम ने ग्रुप स्टेज में नीदरलैंड और USA को हराया, लेकिन भारत से 61 रन की हार ने समीकरण बिगाड़ दिए। नामीबिया को हराकर टीम सुपर-8 में तो पहुंच गई, लेकिन वहां किस्मत साथ नहीं रही। न्यूजीलैंड के खिलाफ मैच बारिश में धुल गया। फिर इंग्लैंड ने करीबी मुकाबले में हरा दिया। इसके बाद श्रीलंका पर जीत के बावजूद खराब रन रेट ने टीम को बाहर का रास्ता दिखा दिया.
सख्ती से सुधरेगा प्रदर्शन?
PCB का यह फैसला चर्चा में है. कुछ लोग इसे सही कदम बता रहे हैं, तो कुछ का मानना है कि दबाव से प्रदर्शन और बिगड़ सकता है। लेकिन एक बात साफ है कि इस बार पाकिस्तान बोर्ड ने संदेश दे दिया है कि सिर्फ नाम से नहीं, खेल से पहचान बनानी होगी। अब देखना होगा, अगली सीरीज में टीम कैसे जवाब देती है।