Pratika Rawal Record: भारतीय महिला क्रिकेट टीम की युवा बल्लेबाज प्रतिका रावल ने मंगलवार को त्रिकोणीय सीरीज के दूसरे मैच में अपने धमाकेदार प्रदर्शन से इतिहास रच दिया। उन्होंने वनडे क्रिकेट में लगातार पांचवीं बार 50 से अधिक रन बनाए और अर्धशतकों की हैट्रिक पूरी की, साथ ही 500 रन का आंकड़ा पार कर एक बड़ा रिकॉर्ड भी अपने नाम किया। यह उपलब्धि हासिल करने वाली वह दूसरी भारतीय महिला खिलाड़ी बन गई हैं।
प्रतिका रावल और स्मृति मंधाना ने भारतीय पारी को मजबूत शुरुआत दी और पहले विकेट के लिए 83 रनों की अहम साझेदारी की। मंधाना ने 54 गेंदों में 36 रन बनाए, लेकिन एनेरी डर्कसेन की गेंद पर कैच आउट होकर पवेलियन लौट गईं। वहीं प्रतिका रावल ने अपनी शानदार फॉर्म जारी रखते हुए अपने वनडे करियर में 500 रन पूरे किए। बता दें कि उन्होंने इस मुकाम तक पहुंचने वाली सबसे तेज भारतीय महिला खिलाड़ियों में से एक बनकर इतिहास रच दिया।
महिला क्रिकेट में नया कीर्तिमान
त्रिकोणीय सीरीज के दूसरे मुकाबले में दमदार बल्लेबाज़ी करते हुए प्रतिका रावल ने अंतरराष्ट्रीय वनडे क्रिकेट में 500 रन पूरे कर एक खास मुकाम हासिल किया। वह महिला क्रिकेट इतिहास में सबसे तेज़ 500 वनडे रन पूरे करने वाली बल्लेबाज़ बन गई हैं। इससे पहले सीरीज के पहले मैच में भी उन्होंने 62 गेंदों पर नाबाद 50 रन ठोकते हुए 'प्लेयर ऑफ द मैच' का खिताब जीता था, जहां भारत ने 9 विकेट से शानदार जीत दर्ज की थी। कुल मिलाकर प्रतिका ने महज 8 पारियों में यह उपलब्धि हासिल की है।
साउथ अफ्रीका के खिलाफ जमी रहीं प्रतिका
साउथ अफ्रीका के खिलाफ मुकाबले में प्रतिका रावल ने एक बार फिर अपने शानदार फॉर्म का प्रदर्शन किया। उन्होंने 91 गेंदों में 78 रन की महत्वपूर्ण पारी खेली, जिसमें 1 छक्का और 7 चौके शामिल रहे। दूसरे विकेट के लिए उन्होंने हरलीन देओल के साथ मिलकर 68 रनों की साझेदारी कर भारतीय पारी को मज़बूती दी। उनकी यह पारी टीम के स्कोर को अच्छे मुकाम तक पहुंचाने में अहम रही। हालांकि, नॉनकुलुलेको म्लाबा की गेंद पर वह बोल्ड हो गईं, लेकिन तब तक वह बड़ा योगदान दे चुकी थीं।
त्रिकोणीय सीरीज का रोमांच जारी
भारत, श्रीलंका और साउथ अफ्रीका की महिला टीमों के बीच खेली जा रही त्रिकोणीय सीरीज का आगाज़ 27 अप्रैल से हुआ है। इस सीरीज के तहत हर टीम दूसरी दो टीमों से दो-दो मुकाबले खेलेगी। सभी लीग मैचों के बाद अंक तालिका में शीर्ष दो स्थान पर रहने वाली टीमें 11 मई को फाइनल में खिताब के लिए आमने-सामने होंगी। इस सीरीज में खिलाड़ियों को फॉर्म में आने और टीम संयोजन को परखने का अच्छा मौका मिल रहा है।