Breaking News
  • ICC T20 वर्ल्डकप में सबसे बड़ा उलटफेर, जिम्बाब्वे ने ऑस्ट्रेलिया को 23 रन से हराया
  • उत्तर प्रदेश में 20 हजार पदों पर आउटसोर्स भर्तियां होंगी, 426 करोड़ बजट बढ़ा
  • कुबेरेश्वर में 14 फरवरी से रुद्राक्ष महोत्सव- रुद्राक्ष नहीं बंटेंगे, पहली बार 2.5 किमी का पैदल कॉरिडोर
  • विदिशा में 30 फीट गहरे तालाब में गिरी कार, 3 बारातियों की मौत 7 घायल
  • राजस्थान- शादी समारोह में एसिड पीने से 4 की मौत, मृतकों में तीन महिलाएं भी शामिल
  • प्रधानमंत्री ऑफिस आज सेवा तीर्थ में शिफ्ट होगा, साउथ ब्लॉक में आखिरी कैबिनेट मीटिंग
  • टी-20 वर्ल्ड कप में भारत की सबसे बड़ी जीत:, 47वीं बार 200+ स्कोर बनाया
  • बांग्लादेश चुनाव में BNP की जीत पर PM मोदी ने तारिक रहमान को बधाई दी
  • दिल्ली के कई स्कूलों को बम की धमकी, पुलिस ने जांच शुरू की

होम > प्रदेश > छत्तीसगढ़

राजनांदगांव में गोलीबारी, तीन युवक घायल; पुलिस पर संरक्षण का आरोप

राजनांदगांव में गोलीबारी, तीन युवक घायल; पुलिस पर संरक्षण का आरोप

राजनांदगांव में गोलीबारी तीन युवक घायल पुलिस पर संरक्षण का आरोप

Chhattisgarh Sand Mafia : राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में रेत माफिया की गुंडागर्दी सामने आई है, जहां गोलीबारी में तीन युवक घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, माफिया ने चार से पांच राउंड फायरिंग की। घायलों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है और भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। यह मामला बसंतपुर थाना क्षेत्र के मोहड़ गांव का है।

बताया जा रहा है कि अवैध रेत खनन को रोकने के लिए ग्रामीण मौके पर पहुंचे थे। इस दौरान रेत माफिया के साथ उनका विवाद हो गया। गोलीबारी में एक युवक, रोशन मंडावी, के सिर के पास से गोली निकल गई, जिससे वह घायल हो गया। उसे मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा, दो अन्य लोग भी इस घटना में घायल हुए हैं।

क्या है पूरा मामला?

पिछले चार दिनों से मोहड़ गांव में अवैध रेत खनन चल रहा था, जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी थी। बुधवार की रात को कुछ ग्रामीण रेत चोरों को पकड़ने के लिए मौके पर गए। इस दौरान कुछ बदमाशों ने कट्टे से चार से पांच राउंड फायरिंग कर दी। इस हमले में रोशन मंडावी घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही बसंतपुर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन ग्रामीणों ने पुलिस की गाड़ी को गांव में प्रवेश करने से रोक दिया। महिलाओं ने आगे आकर रास्ता अवरुद्ध कर दिया।

ग्रामीणों का आरोप है कि रेत चोरी को स्थानीय नेताओं और प्रशासन का संरक्षण प्राप्त है। उनका कहना है कि रात के अंधेरे में रेत का अवैध खनन लगातार हो रहा है। ग्रामीणों ने एक स्थानीय पार्षद और खनिज विभाग पर इस गैरकानूनी गतिविधि को बढ़ावा देने का आरोप लगाया है। साथ ही, पुलिस पर भी माफिया को संरक्षण देने का इल्जाम है।

मामले की जांच की जारी

एडिशनल एसपी राहुल देव शर्मा ने बताया कि घायल व्यक्तियों को तुरंत इलाज के लिए भेजा गया है। मामले की गहन जांच की जा रही है। गांव में शांति बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। हालांकि, खनिज विभाग और प्रशासन की ओर से इस मामले में अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।

गौरतलब है कि तीन दिन पहले गरियाबंद जिले में भी रेत माफिया ने पत्रकारों पर हमला किया था। अवैध रेत खनन की खबर कवर करने गए पत्रकारों को माफिया ने दौड़ाकर पीटा और दो बार हवाई फायरिंग की। यह घटना राजिम थाना क्षेत्र के पैरी नदी के पितईबंद रेत घाट की है, जहां माफिया ने पत्रकारों से कैमरा और आईडी कार्ड भी छीन लिया। 

पूरी खबर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक कीजिये 

यहाँ देखिये वीडियो 

Related to this topic: