आईआईआईटीडीएम में प्रमुख जन गोष्ठी का आयोजन
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य पर जबलपुर महानगर के तत्वावधान में समाज के प्रमुख लोगों के साथ मिलकर समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के उद्देश्य से प्रमुख जन गोष्ठी का आयोजन आईआईआईटीडीएम में किया गया। प्रमुख जन गोष्ठी के मुख्य वक्ता अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य सुरेश सोनी थे और विभाग संघचालक कैलाश गुप्ता की विशेष उपस्थिति रही।
गोष्ठी में मुख्य वक्ता सुरेश सोनी ने कहा कि स्वामी विवेकानंद शिकागो सम्मेलन में जाने से पूर्व दो वर्ष भारत भ्रमण कर भारत को समझा और अपने निष्कर्ष में तीन बातें कही व्यक्ति निर्माण तंत्र बनाना होगा समाज अनेक समूह में बंटा है इसे एक करना वन होगा। लोगों को राष्ट्र के प्रति जोड़ना होगा। भारत का मूलतत्व ज्ञान, विश्व के ज्ञान का आधार बने। भारत के दर्शन और संस्कृति पर समाज में गौरव का भाव पैदा हो, इसी भाव को डॉ. हेडगेवार ने संघ के रूप में व्यवहारिक रूप देने का प्रयत्न किया।
श्री सोनी ने कहा कि राजनैतिक संघर्ष से कुछ नहीं होगा समाज में, सुधार जरूरी है यह कार्य समाज सुधारकों ने किया। संघ के संस्थापक डॉ. हेडगेवार ने सभी धाराओं में काम किया, कलकत्ता गए अनुशीलन समिति से जुड़े शस्त्र धारा को समझा कांग्रेस के अहिंसक धारा को भी जाना, 1920 कांग्रेस नागपुर अधिवेशन के प्रमुख रहे।
सामाजिक सुधार घर वापसी अंतरजातीय विवाह गौ रक्षा आदि के लिए कार्य किया। सुभाष चंद्र बोस जी के साथ कार्य किया। उन्होंने कहा कि सनातन संस्कृति का कार्य विश्वकल्याण करना है। संघ का स्वयंसेवक भाषा जाति क्षेत्र से परे होकर सोचता है उसके लिए देश प्रथम है।