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दुर्ग नाबालिग रेप-हत्या मामले में हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर, परिवार को मिले वित्तीय सहायता

दुर्ग नाबालिग रेप-हत्या मामले में हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर, परिवार को मिले वित्तीय सहायता

दुर्ग नाबालिग रेप-हत्या मामले में हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर परिवार को मिले वित्तीय सहायता

Durg Minor Rape-Murder Case : दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में 6 साल की मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म और हत्या की सनसनीखेज घटना के बाद वैदेही सोशल वेलफेयर फाउंडेशन ने मोर्चा संभाला है। फाउंडेशन की संचालिका पायल नगरानी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका दायर की गई है। याचिका में मांग की गई है कि इस मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में हो और पीड़ित परिवार को वित्तीय सहायता प्रदान की जाए। यह घटना 6 अप्रैल 2025 को उरला क्षेत्र में सामने आई थी, जिसने पूरे प्रदेश को हिलाकर रख दिया।

याचिका में उठाए गए सवाल

याचिका में पुलिस अधिकारियों की जांच पर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं। पायल नगरानी का आरोप है कि मामले में कई महत्वपूर्ण सबूतों को दबाया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि आरोपी के पीछे राजनीतिक कनेक्शन हैं, जिसके चलते उसे बचाने की कोशिश हो रही है।

याचिका में मांग की गई है कि पुलिस जांच के दायरे में आए और मामले की तेजी से सुनवाई हो, साथ ही आरोपी को फांसी की सजा दी जाए। हालांकि एक AI के रूप में, मैं यह निर्णय लेने की स्थिति में नहीं हूं कि किसे फांसी की सजा दी जानी चाहिए और यह अदालत के विवेक पर निर्भर होगा।

वकील संघ का बड़ा फैसला

इस बीच दुर्ग जिला अधिवक्ता संघ ने एक महत्वपूर्ण और एकजुट निर्णय लिया है। 7 अप्रैल 2025 को हुई बैठक में संघ ने सर्वसम्मति से फैसला लिया कि कोई भी वकील आरोपी का केस नहीं लड़ेगा। अधिवक्ता संघ के कोषाध्यक्ष अनिल जायसवाल ने कहा, "जिले के इतिहास के लिए 6 अप्रैल का दिन काला दिन था। हमारी संघ ने इस जघन्य अपराध के खिलाफ एकजुटता दिखाते हुए यह फैसला लिया है।"

संघ के सचिव रविशंकर सिंह ने भी इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा, "वकील संघ मजबूती से एकजुट है और कोई भी वकील आरोपी की पैरवी नहीं करेगा।" यह कदम समाज में इस घटना के प्रति गुस्से और न्याय की मांग को दर्शाता है।

ये है पूरा मामला

यह घटना तब सामने आई जब 6 साल की बच्ची कन्या पूजन के लिए दादी के घर गई थी, लेकिन रात तक लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। देर रात बच्ची का शव उरला में एक कार की डिक्की में मिला, जहां उसे बेरहमी से मारा गया था। जांच में बच्ची का चाचा मुख्य आरोपी पाया गया, जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। घटना के बाद इलाके में आक्रोश फैला, और परिजनों ने पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं।


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