श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में रामलला के बाद अब प्रथम तल पर स्थित राम दरबार के दर्शनों के लिए भी प्रशासन ने नया नियम लागू कर दिया है।
Ayodhya Ram Mandir: श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में रामलला के बाद अब प्रथम तल पर स्थित राम दरबार के दर्शनों के लिए भी प्रशासन ने नया नियम लागू कर दिया है। मंदिर में लगातार उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रवेश और निकासी की प्रक्रिया को नए सिरे से व्यवस्थित किया गया है। अब तक श्रद्धालु बिना किसी बैरिकेडिंग या रेलिंग के सीधे राम दरबार के दर्शन करते थे। एक ही रास्ते से आने-जाने के कारण धक्का-मुक्की और अव्यवस्था की स्थिति बन जाती थी, लेकिन अब नई व्यवस्था को लागू किया गया है।
बनी 5 अलग अलग कतार
नई व्यवस्था के तहत अब श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए स्टील रेलिंग लगा दी गई है। दर्शनार्थियों के लिए 5 अलग-अलग कतारों की व्यवस्था की गई है। प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग गलियारे बनाए गए हैं, जिससे आवाजाही सुचारू रहेगी।
चोरी कांड के बाद बदला सुरक्षा तंत्र
बता दें कि बीते 7 जून को मंदिर परिसर स्थित दान पेटियों से कथित नकदी चोरी का मामला उजागर हुआ था। इस घटना के बाद से ही मंदिर ट्रस्ट और पुलिस प्रशासन ने दर्शन मार्ग, सुरक्षा जांच और क्राउड मैनेजमेंट को अधिक सख्त व पारदर्शी बनाने पर काम शुरू कर दिया था। राम दरबार में किया गया यह बदलाव उसी सुरक्षा रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
फिर लौटी चढ़ावा की रफ्तार
कथित चढ़ावा चोरी मामले के बाद कुछ समय के लिए दान की रफ्तार प्रभावित हुई थी, लेकिन अब श्रद्धालुओं का भरोसा दोबारा मजबूत होता दिखाई दे रहा है। सूत्रों के अनुसार, श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यमों से प्रतिदिन 10 लाख से अधिक का दान प्राप्त हो रहा है। हालांकि, ट्रस्ट ने आधिकारिक तौर पर दैनिक दान के आंकड़े जारी नहीं किए हैं।