इंदौर में दो बच्चों के अपहरण का मामला, पुलिस ने 7 घंटे में किया खुलासा, चार आरोपी गिरफ्तार, बच्चों को सुरक्षित परिजनों को सौंपा गया। swadesh news
इंदौर में गुरुवार की शाम जो डर और बेचैनी शुरू हुई थी, वह देर रात राहत में बदल गई। पुलिस ने महज सात घंटे के भीतर दो अगवा बच्चों को सुरक्षित बरामद कर लिया, और इस पूरे मामले का खुलासा भी कर दिया घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी थी, क्योंकि आरोपियों ने बच्चों के परिवार से 15 लाख रुपए की फिरौती भी मांगी थी
शाम को खेलते-खेलते गायब हुए बच्चे
मामला Indore के तिरुपति गार्डन इलाके का है, जहां नैतिक और सम्राट गुरुवार शाम करीब 6-7 बजे के बीच अचानक लापता हो गए, परिवार के लोगों ने पहले खुद तलाश की, लेकिन जब कोई सुराग नहीं मिला तो पुलिस को सूचना दी गई. सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर एक युवती दोनों बच्चों को अपने साथ ले जाते हुए दिखाई दी , यहीं से कहानी ने नया मोड़ लिया।
वीडियो कॉल पर मांगी गई 15 लाख की फिरौती
बच्चों के दादा को एक महिला ने वीडियो कॉल किया। कॉल पर 15 लाख रुपए की मांग की गई और फिर फोन बंद कर दिया गया। इस एक कॉल ने पुलिस के लिए केस को गंभीर बना दिया।
कैसे पहुंची पुलिस आरोपियों तक
टीआई सुरेंद्र रघुवंशी की टीम ने तुरंत एक्शन लिया। शहर के कई थानों संयोगितागंज, बड़ी ग्वालटोली, राजेंद्र नगर, द्वारकापुरी, तुकोगंज और पलासिया की टीमों को लगाया गया। जिस नंबर से कॉल आया था, उसे सर्विलांस पर डाला गया। साथ ही मुखबिरों को भी एक्टिव किया गया, कुछ ही घंटों में लोकेशन ट्रेस हुई, जो राजेंद्र नगर के दत्त नगर इलाके की एक बिल्डिंग निकली।
देर रात दबिश, बच्चों को सुरक्षित निकाला
पुलिस टीम बेहद सावधानी से मौके पर पहुंची। जैसे ही आरोपियों ने पुलिस को देखा, भागने की कोशिश की, लेकिन उन्हें पकड़ लिया गया, दोनों बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला गया, राहत की बात ये रही कि उन्हें कोई नुकसान नहीं पहुंचाया गया था।
चार आरोपी गिरफ्तार, रिश्ते भी चौंकाने वाले
पुलिस ने इस मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया है विनीत, राधिका, ललित, तनीषा इनमें राधिका और विनीत भाई-बहन हैं, जबकि ललित और तनीषा पति-पत्नी, पुलिस के मुताबिक, तनीषा ही बच्चों को बहाने से अपने साथ लेकर गई थी।
पक्षी-जानवर दिखाने के बहाने ले गई
परिवार के मुताबिक, आरोपी युवती बच्चों को “पक्षी और जानवर दिखाने” के बहाने अपने साथ ले गई थी, नैतिक के पिता जूस का ठेला लगाते हैं, जबकि सम्राट के पिता ढोलक बजाकर परिवार चलाते हैं। परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त सजा की मांग की है , और कहा कि ऐसे मामलों में ढिलाई नहीं होनी चाहिए।
पुलिस कर रही पूछताछ, वजह अभी साफ नहीं
एसीपी तुषार सिंह के मुताबिक, आरोपी आपस में वॉट्सएप के जरिए संपर्क में थे और उसी के जरिए फिरौती की योजना बनाई गई, हालांकि, अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि अपहरण के पीछे असली मकसद क्या था , पुलिस सभी आरोपियों से पूछताछ कर रही है।