बुरहानपुर। अवैध हथियारों के लिए संवेदनशील माने जाने वाले खकनार क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने हथियार खरीदने आए बड़वानी जिले के एक युवक को गिरफ्तार किया है। उसके पास से 13 हाथ से बनी देशी पिस्टल, 45 जिंदा कारतूस मिले हैं। एक खाली मैगजीन और एक बाइक भी जब्त की गई है। आरोपी को दो दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। वहीं, इतनी संख्या में कारतूस मिलने के बाद से पुलिस की जांच अब सिर्फ आरोपी तक सीमित नहीं है। टीम उस नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है जिसने हथियार और कारतूस उपलब्ध कराए।
दरअसल, मंगलवार दोपहर 3 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस में एएसपी प्रदीप शेंडे ने मामले की जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी शक्तिसिंह पिता बादलसिंह पटवा के रूप में हुई है। वह बड़वानी जिले के ओझर नागलवाड़ी का रहने वाला है। प्रारंभिक जांच में उसके खकनार क्षेत्र में अवैध हथियार खरीदने के लिए आने की बात सामने आई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने 13 पिस्टल किससे खरीदीं, 45 कारतूस कहां से आए और इतनी बड़ी खेप आखिर कहां पहुंचाई जानी थी।
जंगल में पेड़ के नीचे बैठा मिला
खकनार थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि प्राइवेट स्कूल के पीछे जंगल में एक व्यक्ति पेड़ के नीचे अवैध हथियार लेकर बैठा है। टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और शक्तिसिंह को पकड़ लिया। पुलिस के अनुसार, तलाशी में उसके पास से 13 देशी पिस्टल, एक खाली मैगजीन और 45 जिंदा कारतूस मिले। बाइक भी जब्त की गई। जब्त माल की कीमत पुलिस ने करीब 4.92 लाख रुपए बताई है। आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है।
13 पिस्टल से ज्यादा 45 कारतूस ने चौंकाया
इस कार्रवाई में पुलिस के लिए सबसे अहम कड़ी 45 जिंदा कारतूस हैं। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक अवैध पिस्टल के साथ पूर्व में भी आरोपी पकड़े जाते रहे हैं, लेकिन उनके पास आमतौर पर दो-चार कारतूस ही मिलते थे। एक ही आरोपी के पास से एक साथ 45 जिंदा कारतूस मिलने का यह पहला मामला बताया जा रहा है। यही वजह है कि जांच अब केवल हथियार खरीदने वाले तक सीमित नहीं है। इतनी मात्रा में कारतूस किसने उपलब्ध कराए, उनका स्रोत क्या है और क्या पिस्टल तथा कारतूस उपलब्ध कराने वाले अलग-अलग नेटवर्क हैं—इन पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है।
पाचौरी कनेक्शन भी जांच के दायरे में
पुलिस को प्रारंभिक तौर पर जानकारी मिली है कि आरोपी के रिश्तेदार खकनार क्षेत्र के पाचौरी और आसपास रहते हैं। आशंका है कि इन्हीं संपर्कों के माध्यम से वह क्षेत्र में पहुंचा था। हालांकि इस कनेक्शन में किसकी क्या भूमिका है, यह अभी पुलिस जांच का विषय है। आरोपी को दो दिन की रिमांड पर लेकर उसके मोबाइल संपर्क, स्थानीय कनेक्शन और हथियारों के संभावित सप्लायर के बारे में पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि क्या आरोपी इससे पहले भी यहां से हथियार लेकर गया था।
पाचौरी कनेक्शन पर भी पुलिस की नजर
खकनार थाना प्रभारी अभिषेक जाधव के मुताबिक पिछले एक साल में पुलिस ने अवैध हथियारों से जुड़े 12 केस दर्ज कर 47 हाथ से बनी देशी पिस्टल और 6 मैगजीन जब्त की हैं। मौजूदा कार्रवाई में 45 जिंदा कारतूस जब्त किए गए हैं। लगातार हथियारों की बरामदगी यह भी बताती है कि कार्रवाई के बावजूद क्षेत्र में अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त की चुनौती बनी हुई है। ऐसे में पुलिस के सामने अब केवल खेप पकड़ना नहीं, बल्कि हथियार बनाने वाले से लेकर बिचौलिए, खरीदार और दूसरे राज्यों तक पहुंचाने वाले नेटवर्क की पूरी चेन तोड़ने की चुनौती है।
इनकी रही कार्रवाई में भूमिका
कार्रवाई में टीआई अभिषेक जाधव, उपनिरीक्षक सुरेंद्र सिंह राजपूत, सहायक उपनिरीक्षक पवन देशमुख, प्रधान आरक्षक सतीश सूर्यवंशी, अजय अजनारे, रूपेश शर्मा, विजेंद्र देवल्ये, कैलाश मोरे, जितेंद्र चौहान, अर्जुन कसुमरिया, रविंद्र काजले और गोविंदा मुआल्दे सहित पुलिस टीम शामिल रही।
वर्जन
पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करेंगे
एएसपी प्रदीप शेंडे ने कहा कि अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इस मामले में भी आरोपी से पूछताछ कर उसके कनेक्शन खंगाले जा रहे हैं। पुलिस पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की दिशा में कार्रवाई करेगी।