दुबई में ड्रोन हमले के बाद एयरपोर्ट बंद। MP, राजस्थान और UP के सैकड़ों लोग फंसे, एयर इंडिया की फ्लाइट कैंसिल। परिवारों में चिंता, सरकार से सुरक्षित वापसी की मांग।
नई दिल्ली। खाड़ी में बढ़ते तनाव का असर अब सीधे भारत के घरों तक पहुंच गया है। दुबई में ड्रोन हमले और एयरस्पेस बंद होने के बाद मध्यप्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के सैकड़ों लोग वहां फंस गए हैं। इंदौर के पूर्व विधायक, कई बिजनेसमैन और बिल्डर भी दुबई में रुके हुए हैं। परिवारों की चिंता बढ़ गई है, फोन लगातार बज रहे हैं, लेकिन वापसी की तारीख अभी साफ नहीं।
बुर्ज खलीफा के पास ड्रोन हमला, एयरपोर्ट बंद
सूत्रों के मुताबिक दुबई की मशहूर इमारत बुर्ज खलीफा के पास ड्रोन हमला हुआ। इसके बाद सुरक्षा कारणों से सभी एयरपोर्ट्स को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया। आने-जाने वाली ज्यादातर फ्लाइट्स रद्द कर दी गईं। एयर इंडिया की फ्लाइट भी लगातार दूसरे दिन कैंसिल रही। एयरलाइंस ने यात्रियों से अपडेट चेक करते रहने को कहा है। एक यात्री ने फोन पर बताया, अचानक एयरस्पेस बंद होने की घोषणा हुई, फिर अफरा-तफरी मच गई। हमें होटल भेज दिया गया, लेकिन बाहर धमाकों की आवाजें आ रही थीं।
मध्यप्रदेश के 100 से ज्यादा लोग फंसे
इंदौर से जुड़े व्यापारिक और राजनीतिक परिवारों के लोग दुबई में हैं। इनमें एक पूर्व विधायक, कुछ बड़े कारोबारी और बिल्डर शामिल बताए जा रहे हैं। परिवारों ने केंद्र और राज्य सरकार से सुरक्षित वापसी की मांग की है। इंदौर एयरपोर्ट पर भी लोग लगातार जानकारी लेने पहुंच रहे हैं। एयर इंडिया की फ्लाइट कल भी कैंसिल है।
राजस्थान के स्टूडेंट्स और कथावाचक भी फंसे
राजस्थान के जोधपुर, कोटा और सीकर के 100 से ज्यादा स्टूडेंट्स दुबई और अबू धाबी में अटके हुए हैं। अचानक एयरस्पेस बंद होने के कारण उनकी फ्लाइट कैंसिल हो गई। एयरपोर्ट प्रशासन ने उन्हें अस्थायी रूप से सुरक्षित होटलों में ठहराया है। कुछ लोगों ने बताया कि एयरपोर्ट के पास धमाकों की आवाजें सुनाई दीं। जयपुर एयरपोर्ट ने एडवाइजरी जारी की है। खाड़ी देशों के लिए उड़ानें फिलहाल स्थगित हैं। इधर अजमेर में शिया समुदाय ने ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के निधन पर तीन दिन के शोक की घोषणा की है।
यूपी के लोग बंकर में शरण ले रहे
उत्तर प्रदेश के अमरोहा, सिद्धार्थनगर और अन्य जिलों के हजारों लोग खाड़ी देशों में काम करते हैं। कई लोग मौजूदा हालात में बंकरों में शरण लेने को मजबूर हैं। एक युवक ने बताया लगातार धमाके हो रहे हैं। हम बस यही दुआ कर रहे हैं कि हालात जल्दी सामान्य हों। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के कैंसिल होने से वापसी की राह फिलहाल बंद सी हो गई है।
सरकार की नजर, परिवारों की चिंता
भारत सरकार स्थिति पर नजर बनाए हुए है। विदेश मंत्रालय ने जरूरत पड़ने पर विशेष उड़ानों की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है।जमीन पर हालात अनिश्चित हैं। अब सभी की नजर इस पर है कि हालात कब सामान्य होंगे और फंसे भारतीयों की सुरक्षित घर वापसी कैसे होगी।