बिहार में सम्राट चौधरी कैबिनेट का विस्तार, नीतीश कुमार के बेटे निशांत पहली बार मंत्री बने। पीएम मोदी की मौजूदगी में 32 मंत्रियों ने शपथ ली।
पटना के गांधी मैदान में गुरुवार को बिहार की सम्राट चौधरी सरकार का बहुप्रतीक्षित कैबिनेट विस्तार हुआ। मुख्यमंत्री बनने के 22 दिन बाद हुए इस मंत्रिमंडल विस्तार में कुल 32 मंत्रियों ने शपथ ली। इस दौरान सबसे ज्यादा चर्चा पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार की रही, जिन्होंने पहली बार मंत्री पद की शपथ ली।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और कई वरिष्ठ भाजपा नेता मौजूद रहे। शपथ ग्रहण के बाद मंच पर पीएम मोदी और नीतिश कुमार के बीच गर्मजोशी भी चर्चा का विषय बनी रही।

बीजेपी-जेडीयू में मंत्रियों का बंटवारा
नई कैबिनेट में बीजेपी के 15, जेडीयू के 13, एलजेपी (रामविलास) के 2, जबकि HAM और RLM के एक-एक मंत्री शामिल किए गए हैं। कार्यक्रम करीब 25 मिनट चला, जिसमें पांच-पांच नेताओं को एक साथ शपथ दिलाई गई।पहले चरण में निशांत कुमार, विजय सिन्हा, श्रवण कुमार, लेसी सिंह और दिलीप जायसवाल ने शपथ ली। जेडीयू की ओर से बुलो मंडल और श्वेता गुप्ता जैसे नए चेहरों को भी मौका मिला है।

मंच पर दिखी मोदी-नीतीश की कैमिस्ट्री
शपथ ग्रहण समारोह के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने नीतीश कुमार को अपने पास बुलाया। दोनों नेताओं ने हाथ मिलाया। इसी दौरान नीतीश कुमार ने प्रधानमंत्री के कंधे पर हाथ रखकर उन्हें हिलाया। मंच पर यह दृश्य काफी देर तक चर्चा में रहा।कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रगान से हुई। हालांकि, हाल ही में बिहार सरकार ने प्रोटोकॉल के तहत पहले वंदे मातरम और फिर राष्ट्रगान बजाने का सर्कुलर जारी किया था।
जातीय और राजनीतिक समीकरण साधने की कोशिश
सम्राट सरकार के नए मंत्रिमंडल में जातीय संतुलन साधने की कोशिश साफ दिखाई दी। कैबिनेट में EBC वर्ग से 10, OBC से 6, दलित वर्ग से 7, सवर्ण समाज से 9 और मुस्लिम समुदाय से एक मंत्री को जगह दी गई है।महिला प्रतिनिधित्व पर भी फोकस किया गया। नई कैबिनेट में कुल 5 महिला मंत्री शामिल हैं, जिनमें सबसे ज्यादा तीन मंत्री जेडीयू कोटे से हैं।
गांधी मैदान में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
शपथ ग्रहण समारोह के लिए पटना के गांधी मैदान में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। वीआईपी एंट्री के लिए अलग गेट बनाया गया था। शहर के कई हिस्सों में लंबा जाम भी देखने को मिला। एयरपोर्ट और गांधी मैदान के बीच भारी सुरक्षा बल तैनात रहा।प्रधानमंत्री मोदी के स्वागत के लिए पूरे रास्ते सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। समर्थकों ने जगह-जगह फूल बरसाकर उनका स्वागत किया। बीजेपी कार्यालय के बाहर हरे राम-हरे कृष्ण भजन-कीर्तन भी आयोजित किया गया।
बिहार की राजनीति में नए संकेत
निशांत कुमार का मंत्री बनना बिहार की राजनीति में बड़ा संकेत माना जा रहा है। लंबे समय तक सक्रिय राजनीति से दूर रहे निशांत अब सीधे सत्ता और संगठन दोनों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते नजर आ सकते हैं।वहीं, सम्राट चौधरी सरकार का यह विस्तार आगामी राजनीतिक समीकरणों और बिहार में NDA की रणनीति के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है।