मेरठ की रैली में पीएम मोदी ने कांग्रेस और सपा पर तीखा हमला बोला। नमो भारत कॉरिडोर और आरआरटीएस के नए खंडों का उद्घाटन किया
मेरठ की धरती से प्रधानमंत्री का कांग्रेस पर प्रहार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को मेरठ की जनसभा को राजनीतिक तेवर देते हुए विपक्ष, विशेषकर कांग्रेस, पर तीखा हमला बोला। उन्होंने विकास बनाम ‘जहरीली राजनीति’ को आगामी दौर की मुख्य लड़ाई बताया। प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा के लिए देश और उत्तर प्रदेश का विकास सर्वोपरि है, जबकि कुछ दल भारत की उपलब्धियों को स्वीकार करने के बजाय उसे विवादों में घसीटने में लगे हैं।
दिल्ली में आयोजित वैश्विक एआई शिखर सम्मेलन के दौरान कांग्रेस नेताओं द्वारा किए गए विरोध प्रदर्शन का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि विदेशी मेहमानों की मौजूदगी में कांग्रेस के नेता कपड़े उतारकर पहुंच गए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि देश जानता है कि कांग्रेस वाले पहले से नंगे हैं, फिर उन्हें दुनिया के सामने कपड़े उतारने की जरूरत क्या पड़ी?
प्रधानमंत्री मोदी शताब्दी नगर नमो भारत स्टेशन पहुंचे और मेट्रो व ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। उन्होंने 82 किलोमीटर लंबे दिल्ली मेरठ नमो भारत कॉरिडोर को राष्ट्र को समर्पित किया।साथ ही आरआरटीएस के शेष खंडों का भी उद्घाटन किया गया, जिनमें दिल्ली में सराय काले खां से न्यू अशोक नगर तक 5 किमी का हिस्सा और उत्तर प्रदेश में मेरठ साउथ से मोदीपुरम तक 21 किमी का हिस्सा शामिल है। प्रधानमंत्री ने मेरठ साउथ स्टेशन तक मेट्रो में सवार होकर यात्रियों से चर्चा भी की।
कांग्रेस की रीति-नीति पर थू-थू हो रही है
प्रधानमंत्री ने कहा कि प्रदर्शन तो अपनी जगह है, लेकिन दरअसल कांग्रेस वर्षों से सत्ता से बाहर है, इसलिए उसकी आर्थिक और राजनीतिक स्थिति ऐसी हो गई है। कांग्रेस की रीति-नीति पर अब जनता थू-थू कर रही है।प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि कांग्रेस के नेताओं को मोदी से नफरत है। ये मेरी कब्र खोदना चाहते हैं, मेरी मां तक को गालियां दी गईं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को यह याद रखना चाहिए था कि एआई ग्लोबल समिट भाजपा का कार्यक्रम नहीं था और न ही वहां भाजपा का कोई नेता मौजूद था। यह देश के सम्मान से जुड़ा कार्यक्रम था, लेकिन कांग्रेस ने सारी मर्यादाएं तोड़ दीं।
समाजवादी पार्टी पर भी साधा निशाना
सपा और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि जब दिल्ली में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की सरकार थी, तब ऐसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट पूरे करना आसान नहीं था। उस समय कई परियोजनाएं घोटालों में फंस जाया करती थीं। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने न सिर्फ घोटालों पर रोक लगाई है, बल्कि देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी ठोस काम किया है।