सरकार ने संसद के बजट सत्र के दौरान 28-29 मार्च को वीकेंड पर भी बैठक का प्रस्ताव दिया है। छुट्टियों और लंबित बिलों को देखते हुए यह सुझाव विपक्ष को भेजा गया है।
नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र के बीच केंद्र सरकार ने एक नया प्रस्ताव सामने रखा है। सरकार चाहती है कि इस महीने के आखिरी शनिवार और रविवार को भी संसद की कार्यवाही चलती रहे, ताकि बचे हुए कामकाज को समय रहते पूरा किया जा सके। सूत्रों के मुताबिक इस प्रस्ताव को लेकर सरकार ने विपक्षी दलों से भी चर्चा की है और अब फैसला काफी हद तक विपक्ष के रुख पर निर्भर करेगा।
28 और 29 मार्च को बैठक का प्रस्ताव
जानकारी के अनुसार सरकार ने 28 और 29 मार्च यानी शनिवार और रविवार को संसद के दोनों सदनों की बैठक बुलाने का प्रस्ताव दिया है। दरअसल, मार्च महीना वित्त वर्ष का आखिरी महीना होता है। ऐसे में सरकार चाहती है कि इस दौरान जरूरी विधायी काम और लंबित बिलों को जल्द से जल्द निपटा लिया जाए।
छुट्टियों के कारण बढ़ सकता है काम का दबाव
सरकार के इस प्रस्ताव के पीछे एक वजह आने वाली छुट्टियां भी हैं। मार्च में कई त्योहार पड़ रहे हैं, जिनकी वजह से संसद की नियमित कार्यवाही प्रभावित हो सकती है। सूत्रों के अनुसार, 19-20 मार्च को गुड़ी पड़वा और ईद की छुट्टियां रहेंगी।
26 मार्च को रामनवमी का अवकाश रहेगा
इन छुट्टियों के कारण सरकार ने वीकेंड पर भी बैठक का विकल्प रखा है, ताकि महत्वपूर्ण विधेयकों और वित्तीय कामकाज में देरी न हो। हालांकि सरकार की ओर से प्रस्ताव दे दिया गया है, लेकिन वीकेंड में संसद चलाने के लिए विपक्ष की सहमति भी जरूरी मानी जा रही है। इसलिए सरकार ने फिलहाल गेंद विपक्ष के पाले में डाल दी है। अगर विपक्ष सहमत होता है तो पहली बार इस बजट सत्र में सप्ताहांत पर भी संसद की कार्यवाही हो सकती है।
कब शुरू हुआ था बजट सत्र
इस साल संसद का बजट सत्र 28 जनवरी 2026 को शुरू हुआ था। पहला चरण 13 फरवरी 2026 तक चला। दूसरा चरण 9 मार्च 2026 से फिर शुरू हुआ। बता दें कि पूरा सत्र 2 अप्रैल 2026 तक चलने वाला है। दूसरे चरण के दौरान ओम बिरला के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर भी लोकसभा में चर्चा हुई थी, जिसके बाद स्पीकर ने सदन में अपना जवाब दिया था।