देहरादून में डॉ. मोहन भागवत ने कहा कि संघ का उद्देश्य व्यक्ति निर्माण है, राजनीति नहीं। अग्निवीर योजना और राष्ट्रीय सुरक्षा पर भी रखे विचार।
देहरादून। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने सोमवार को देहरादून के निम्बूवाला स्थित हिमालयन सांस्कृतिक केंद्र में आयोजित प्रबुद्ध नागरिक गोष्ठी में कहा कि संघ का मूल उद्देश्य व्यक्ति निर्माण है, न कि चुनावी राजनीति। उन्होंने कहा कि राष्ट्र के भविष्य का निर्माण समाज की शक्ति से होता है और इसके लिए नेतृत्व का चरित्रवान तथा अनुशासित होना आवश्यक है।
संघ का उद्देश्य व्यक्ति निर्माण है, राजनीति नहीं: डॉ. मोहन भागवत
कार्यक्रम में पूर्व सैनिकों और पूर्व सेना अधिकारियों सहित विभिन्न क्षेत्रों के प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे। डॉ. भागवत ने अपने संबोधन में कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ बिना किसी बाहरी संसाधन के समाज की शक्ति के आधार पर खड़ा हुआ है और दो बार प्रतिबंध झेलने के बावजूद निरंतर आगे बढ़ता रहा है। उन्होंने कहा कि संघ का कार्य समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना और जिम्मेदार नागरिक तैयार करना है, जिससे राष्ट्र मजबूत बन सके।
अग्निवीर योजना पर क्या बोले ?
राष्ट्रीय सुरक्षा और अग्निवीर योजना से जुड़े प्रश्न के जवाब में सरसंघचालक ने इसे एक प्रयोग बताया। उन्होंने कहा कि किसी भी नई योजना की तरह इसके अनुभवों का अध्ययन कर आवश्यक सुधार और परिमार्जन पर विचार किया जाना चाहिए।
पड़ोसी देशों और कश्मीर पर टिप्पणी
नेपाल, बांग्लादेश और कश्मीर से जुड़े प्रश्नों पर उन्होंने कहा कि ये क्षेत्र ऐतिहासिक रूप से एक ही सांस्कृतिक भू-भाग के हिस्से रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और देश के विरुद्ध चल रही गतिविधियों के प्रति सतर्क और दृढ़ नीति अपनाना आवश्यक है।