नागपुर के राउलगांव स्थित एसबीएल एनर्जी लिमिटेड में हुए धमाके में मृतकों की संख्या 19 पहुंची। 21 डायरेक्टर्स पर केस, 9 गिरफ्तार। डीएनए से पहचान की प्रक्रिया जारी।
महाराष्ट्र के नागपुर जिले से आई इस खबर ने पूरे इलाके को हिला दिया है। राउलगांव स्थित गोला-बारूद बनाने वाली कंपनी में हुए भीषण धमाके के बाद अब मौत का आंकड़ा बढ़कर 19 हो गया है। रविवार को हुए विस्फोट में घायल दो और मजदूरों ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। हादसे के बाद पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए कंपनी के 21 डायरेक्टर्स और शेयरधारकों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिनमें से 9 को गिरफ्तार भी कर लिया गया है।
डेटोनेटर पैकिंग यूनिट में हुआ था विस्फोट
धमाका नागपुर जिले की कटोल तहसील के राउलगांव में स्थित SBL Energy Limited की डेटोनेटर पैकिंग इकाई में हुआ। यह कंपनी खनन और औद्योगिक विस्फोटक बनाती है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, धमाका इतना तेज था कि आसपास के गांवों तक आवाज सुनाई दी। प्लांट की दीवारें ढह गईं और देखते ही देखते आग ने पूरे परिसर को अपनी चपेट में ले लिया।

23 मजदूर अब भी अस्पताल में भर्ती
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि 23 अन्य घायल श्रमिकों का नागपुर के अलग-अलग अस्पतालों में इलाज चल रहा है। कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि कई शव बुरी तरह जल चुके हैं। पहचान करना मुश्किल हो गया है, ऐसे में परिजनों के डीएनए सैंपल लेकर मिलान की प्रक्रिया शुरू की गई है। एक स्थानीय निवासी ने कहा, “हमने ऐसा धमाका पहले कभी नहीं सुना, पूरा इलाका दहल गया था।”
21 डायरेक्टर्स पर मामला दर्ज
हादसे के बाद पुलिस ने कंपनी प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। 21 डायरेक्टर्स और शेयरधारकों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है, जिनमें से 9 को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि सुरक्षा मानकों का पालन हुआ था या नहीं, और विस्फोट के पीछे तकनीकी चूक थी या मानवीय लापरवाही।
मुख्यमंत्री ने दिए जांच के आदेश
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने हादसे पर गहरा दुख जताते हुए गहन जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। राज्य सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की भी घोषणा की गई है, हालांकि आधिकारिक राशि का विवरण अभी सामने नहीं आया है।