बिहार में बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिला है। भाजपा विधायक दल ने सम्राट चौधरी को नेता चुना है। नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद नई एनडीए सरकार के गठन की प्रक्रिया तेज हो गई है।
बिहार में राजनीतिक समीकरणों में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। भारतीय जनता पार्टी के विधायक दल की बैठक में सम्राट चौधरी को एक बार फिर विधायक दल का नेता चुन लिया गया है। इसके बाद उनके मुख्यमंत्री बनने की संभावना लगभग तय मानी जा रही है।
भाजपा विधायक दल की बैठक में फैसला
बैठक के दौरान उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने सम्राट चौधरी के नाम का प्रस्ताव रखा। जिसे सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया गया। इसके बाद एनडीए विधायक दल की संयुक्त बैठक में उनके नाम पर औपचारिक मुहर लगने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। सूत्रों के अनुसार, इसके बाद एनडीए विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद सम्राट चौधरी राज्यपाल से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे।
नीतीश कुमार ने सौंपा इस्तीफा
इससे पहले जेडीयू अध्यक्ष नीतीश कुमार ने राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंप दिया। इस्तीफे से पहले उन्होंने अपनी अंतिम कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता भी की। इसके बाद राज्य में नई सरकार के गठन की प्रक्रिया तेज हो गई।
नई सरकार का शपथ ग्रहण समारोह
जानकारी के अनुसार, नई एनडीए सरकार का शपथ ग्रहण समारोह बुधवार सुबह 11 बजे राजभवन में आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में सीमित संख्या में मंत्री शपथ लेंगे। इसके अलावा एनडीए के कई सीनियर नेताओं के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है।
शिवराज सिंह चौहान ने किया ऐलान
भाजपा की बैठक के बाद वरिष्ठ नेता शिवराज सिंह चौहान ने सम्राट चौधरी को विधायक दल का नेता चुने जाने की पुष्टि की। इस घोषणा के बाद राज्य की सियासत में नई सरकार के गठन को लेकर स्थिति लगभग स्पष्ट हो गई है।
आगे की राजनीतिक प्रक्रिया
एनडीए की बैठक के बाद अब औपचारिक रूप से सरकार गठन का दावा पेश किया जाएगा। इसके बाद राज्यपाल की मंजूरी मिलने पर नई सरकार का गठन किया जाएगा और मुख्यमंत्री पद की शपथ ली जाएगी।