गुरुवार को शेयर बाजार में बड़ी गिरावट, सेंसेक्स-निफ्टी टूटे। उधर सोना-चांदी भी रिकॉर्ड हाई से काफी सस्ते हो गए।
भारतीय बाजार में गुरुवार की सुबह निवेशकों के लिए दोहरी मायूसी लेकर आई। एक तरफ शेयर बाजार खुलते ही फिसल गया, तो दूसरी ओर सेफ हेवन माने जाने वाले सोना-चांदी की चमक भी फीकी पड़ती दिखी। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स-निफ्टी रेड जोन में रहे, वहीं एमसीएक्स पर गोल्ड-सिल्वर अपने हाई लेवल से काफी नीचे आ चुके हैं, बाजार में बेचैनी साफ महसूस हुई।
शेयर बाजार की खराब शुरुआत
कारोबार शुरू होते ही बीएसई सेंसेक्स अपने पिछले बंद 84,233.64 से नीचे 83,968.43 पर खुला और कुछ ही मिनटों में 400 अंकों से ज्यादा लुढ़क गया। शुरुआती सेशन में यह 83,795.65 तक फिसलता दिखा. एनएसई निफ्टी की हालत भी कुछ अलग नहीं रही। 25,953.85 के पिछले बंद के मुकाबले यह 25,906.70 पर खुला और गिरते-गिरते 25,822.30 तक आ गया। शुरुआती कारोबार में निफ्टी करीब 130 अंक टूट गया।
आईटी शेयरों में सबसे ज्यादा मार
गिरावट के बीच आईटी सेक्टर सबसे ज्यादा दबाव में नजर आया। बीएसई लार्जकैप में शामिल Infosys करीब 4.5%, Tech Mahindra 4.2%, TCS 3.8% और HCL Tech 3.4% तक टूटते दिखे. बाजार जानकारों का कहना है कि अमेरिकी टेक शेयरों में हालिया कमजोरी और एआई टूल्स को लेकर बनी अनिश्चितता का असर भारतीय आईटी शेयरों पर पड़ रहा है। लार्जकैप में Eternal और M&M के शेयर फिसले. मिडकैप सेगमेंट में Coforge, Mphasis, Persistent और Godrej Properties दबाव में रहे. स्मॉलकैप में ARE&M, Cyient, KFintech और FSL जैसे शेयरों में भी तेज गिरावट देखने को मिली।
सोना-चांदी भी हुए सस्ते
शेयर बाजार की कमजोरी के साथ ही कमोडिटी मार्केट से भी राहत नहीं मिली। एमसीएक्स पर चांदी और सोना दोनों फिसल गए. 5 मार्च एक्सपायरी वाली चांदी 2,63,018 रुपये प्रति किलो से गिरकर 2,60,453 रुपये पर आ गई। अपने रिकॉर्ड हाई से चांदी करीब 1.59 लाख रुपये प्रति किलो तक सस्ती हो चुकी है. वहीं 24 कैरेट सोना (10 ग्राम) 2 अप्रैल एक्सपायरी के साथ 1,58,755 रुपये से फिसलकर 1,57,701 रुपये पर खुला। रिकॉर्ड हाई के मुकाबले सोना अब 35 हजार रुपये से ज्यादा नीचे है।
ग्लोबल मार्केट का मिला-जुला संकेत
एशियाई बाजारों में तस्वीर मिली-जुली रही। दक्षिण कोरिया का कोस्पी इंडेक्स बढ़त में रहा, जापान का निक्केई लगभग फ्लैट दिखा। हॉन्गकॉन्ग का हैंगसेंग लाल निशान में रहा, जबकि चीन का शंघाई कंपोजिट हल्की बढ़त के साथ कारोबार करता नजर आया. अमेरिकी बाजारों में भी पिछले कारोबारी सत्र में डाउ जोंस और नैस्डैक मामूली गिरावट के साथ बंद हुए.कुल मिलाकर, निवेशकों के लिए यह दिन सतर्क रहने का है। बाजार की चाल फिलहाल कमजोर संकेत दे रही है, ऐसे में अगला रुख वैश्विक संकेतों और घरेलू फैक्टर्स पर टिका रहेगा।