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आत्मीय युवा महोत्सव में जेपी नड्डा बोले - धर्म का मतलब है 'आचार संहिता'

आत्मीय युवा महोत्सव में जेपी नड्डा बोले - धर्म का मतलब है आचार संहिता
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नई दिल्ली/बड़ोदरा। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने शुक्रवार को गुजरात के वडोदरा में कहा कि धर्म के बिना राजनीति अर्थहीन है। धर्म को लोगों का मार्गदर्शन करने वाली 'आचार संहिता' बताते हुए कहा कि धर्म के बिना राजनीति का कोई मतलब नहीं है।

जेपी नड्डा ने कहा, 'मेरा मानना है कि राजनीति हमेशा धर्म के साथ चलती है। और धर्म का मतलब है 'आचार संहिता'। धर्म का मतलब है क्या करना है, क्या नहीं करना है। धर्म का मतलब है क्या उचित है, क्या अनुचित है।' नड्डा ने शुक्रवार को यहां एक कार्यक्रम में स्वामीनारायण संप्रदाय के अनुयायियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि राजनीति में सबसे अधिक आवश्यकता धर्म की होती है। उन्होंने कहा कि समाज में ये प्रश्न बार-बार खड़ा होता है कि राजनीति का धर्म से संबंध क्या है। मेरा ये मानना है कि राजनीति धर्म के बगैर विवेकहीन है। उसका कोई अर्थ नहीं है। राजनीति हमेशा धर्म के साथ चलती है।

उन्होंने कहा कि जब भी विरोधियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नकारात्मकता फैलाकर रोकने का प्रयास किया तब प्रधानमंत्री विकास में सबको साथ लेकर और अधिक ऊर्जा के साथ आगे बढ़े। उन्होंने मोदी सरकार की कई उपलब्धियां गिनवाईं। उन्होंने कहा कि सरकार ने समाज में परिवर्तन लाने वाली कई योजनाओं पर काम किए हैं. इन सभी योजनाओं की प्रेरणा है, जन की सेवा करना. लोगों को उनके दुखों से राहत दिलाना, वंचितों, पीड़ितों और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों को मुख्यधारा में लाना, इन योजनाओं का उद्देश्य है।

Updated : 3 Jan 2020 2:12 PM GMT
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Swadesh Digital

स्वदेश वेब डेस्क www.swadeshnews.in


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