उत्त प्रदेश के फतेहपुर में शादी के दौरान दुल्हन के कुत्ते को पीटने पर विवाद भड़क गया। दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई और दुल्हन ने शादी से इनकार कर दिया।
फतेहपुरः उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले से एक ऐसा मामला सामने आया जिसने सबको हैरान कर दिया। साथ ही पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गया। यहां एक शादी समारोह की खुशियां उस वक्त मातम में बदल गईं, जब एक मामूली सी बात ने ऐसा तूल पकड़ा कि मंडप जंग का मैदान बन गया।
खागा कोतवाली क्षेत्र के एक गेस्ट हाउस में बुधवार रात धूमधाम से शादी हो रही थी। लड़की पक्ष प्रयागराज से आया था और बारात का स्वागत पूरे उत्साह के साथ किया गया। जयमाल हंसी-खुशी निपट गई थी और दोनों परिवार सुकून में थे। भोर करीब चार बजे मंडप में जेवर चढ़ाने की रस्म चल रही थी। इसी दौरान पास में बंधा दुल्हन का पालतू कुत्ता भौंकने लगा। आरोप है कि वर पक्ष के एक युवक ने उसे पीट दिया। बस, यही पल पूरे माहौल पर भारी पड़ गया।
कुत्ते को पीटने पर भड़का विवाद
कुत्ते को मारने की बात पर वधू पक्ष ने आपत्ति जताई। देखते ही देखते कहासुनी बढ़ी और बात हाथापाई तक पहुंच गई। गेस्ट हाउस में अफरा-तफरी मच गई। दोनों ओर से लाठी-डंडे चले, कुर्सियां फेंकी गईं। इस झड़प में वधू पक्ष की एक महिला समेत तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। दूल्हा पक्ष के भी दो लोग चोटिल हुए। हालात बिगड़ते देख पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह स्थिति संभाली और घायलों को अस्पताल भेजा गया।
दुल्हन ने लिया चौंकाने वाला फैसला
दोनों पक्षों को थाने लाया गया, जहां पूछताछ के दौरान सबसे बड़ा फैसला सामने आया। दुल्हन ने साफ कह दिया कि वह अब यह शादी नहीं करेगी। इसके बाद पंचायत बैठी और आपसी सहमति से दान-दहेज व उपहार लौटाने का निर्णय लिया गया। बिना किसी कानूनी कार्रवाई के मामला खत्म कर दिया गया। लड़की पक्ष प्रयागराज लौट गया।
पिटाई ने सबकुछ बिगाड़ दिया
दूल्हे का कहना है कि दोनों के बीच प्रेम संबंध था और वे पहले ही कानपुर में आर्य समाज के जरिए शादी कर चुके थे। सामाजिक रीति से विवाह के लिए ही बारात आई थी, लेकिन कुत्ते को मारने की घटना ने सब कुछ बिगाड़ दिया। खागा कोतवाली प्रभारी के अनुसार, दोनों पक्षों में समझौता हो गया है और दहेज का सामान लौटा दिया गया है। मारपीट में घायल लोगों का इलाज कराया गया है।
एक छोटी सी चिंगारी ने पलभर में रिश्तों को राख कर दिया और एक शादी, जो नई शुरुआत बन सकती थी, अधूरी रह गई।