Top
Home > राज्य > अन्य > नई दिल्ली > दिल्ली में हम सातों सीटें जीतकर चैकाएंगे : संजय सिंह

दिल्ली में हम सातों सीटें जीतकर चैकाएंगे : संजय सिंह

कांग्रेस और भाजपा में अंदरूनी समझौते के चलते नहीं हो पाया गठबंधन गंभीर मुद्दों पर भी बचकाना हरकत कर जाते हैं कांग्रेस अध्यक्ष

दिल्ली में हम सातों सीटें जीतकर चैकाएंगे : संजय सिंह

नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव-2019 के मद्देनजर दिल्ली सहित हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ की 33 सीटों पर कांग्रेस और आप पार्टी के बीच तमाम प्रयासों के बावजूद गठबंधन नहीं हो पाने के बाद आप पार्टी ने कांग्रेस पर जमकर हमला बोला है। आप पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा कि पूरे मामले में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने गंभीरता नहीं दिखाई। वे गंभीर विषयों को भी हल्के में लेते हैं। आमने-सामने बैठने के बजाए राहुल गांधी ट्वीटर पर ही गठबंधन का फार्मूला सुझाते रहे। संजय सिंह ने कहा कि इन सीटों पर अगर हमारा गठबंधन हो जाता तो यकीनन 23 मई को तस्वीर कुछ अलग ही होती। दरअसल, कांग्रेस चाहती ही नहीं थी गठबंधन हो। इससे साफ है कि कांग्रेस और भाजपा में कोई समझौता हुआ है। संजय सिंह मोदी-शाह की जोड़ी को अजेय नहीं मानते। वे मानते हैं कि अगर कारगर रणनीति बने और उसे क्रियान्वित किया जाए तो भाजपा को आसानी से सत्ताच्युत किया जा सकता है। संजय सिंह ने 'स्वदेश' से विशेष बातचीत में कहा कि कुछ लोगों की यह गलत धारणा है कि कांग्रेस-आप के बीच गठबंधन नहीं होने से दिल्ली में मुकाबला त्रिकोणीय हो गया है। उनका कहना है कि कांग्रेस दिल्ली में एक भी सीट जीतने की स्थिति में नहीं है। उन्होंने कहा कि दिल्ली को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने की लड़ाई हम जनता के बीच जाकर लड़ेंगे और लोगों का भरोसा जीतकर हम सातों सीटें जीतेंगे। प्रस्तुत है बातचीत के अंश-

गठबंधन ना होने के बाद दिल्ली की रणनीति में अब क्या बदलाव होगा ?

संजय- हमारी रणनीति स्पष्ट है। हम लोगों के बीच जाकर उन्हें समझाएंगे कि कांग्रेस को वोट न दें। इसके अलावा भाजपा के परंपरागत वोटों में भी सेंध लगाएंगे। जो लोग दिल्ली को पूर्ण राज्य बनाने में भरोसा रखते हैं, वे हमारे साथ खड़े होंगे।

दिल्ली के लोगों के लिए क्या मुद्दे रहेंगे? दिल्ली पूर्ण राज्य होगी तो पार्टी क्या-क्या काम करेगी?

संजय- पार्टी ने अगले पांच सालों के लिए दिल्ली की जनता से 12 चुनावी वादे किए हैं। इनमें शिक्षा, स्वास्थ्य, पुलिस सुधार, महिला सुरक्षा, रोजगार, भ्रष्टाचार, सीलिंग से बचाव, साफ-सफाई, प्रदूषण, परिवहन, यमुना सफाई, जमीन और मकान प्रमुख हैं।

लेकिन, दिल्ली की जनता आज भी सीलिंग की समस्या से जूझ रही है। क्या आपके पास इसका स्थाई समाधान है?

संजय- हमने संसद के अंदर इस समस्या को पुरजोर तरीके से उठाया है। भाजपा और कांग्रेस से हमें किसी भी तरह की मदद नही मिली। खासकर मोदी सरकार इसके समाधान के लिए जमीन देने को ही तैयार नहीं है।

केजरीवाल सरकार ने दिल्ली में शिक्षा व स्वास्थ्य के क्षेत्र में क्या उल्लेखनीय कार्य किए, खासकर मोहल्ला क्लिनिक की बात बढ़-चढ़कर की जा रही है।

संजय- आप खुद दिल्ली के सरकारी स्कूलों व अस्पतालों का मुआयना कीजिए। लोगों के बीच जाकर उनकी राय लीजिए। आपको समझ मे आ जायेगा। हमने इस दिशा में क्रांतिकारी परिवर्तन किए हैं। मैं तो कहता हूँ, मोहल्ला क्लिनिक जैसी योजना को राष्ट्रीय स्तर पर लागू किया जाना चाहिए ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग लाभान्वित हो सकें।

आप 2019 के आम चुनावों को किस तरह देखते हैं? क्या मोदी सरकार फिर से वापसी करेगी?

संजय- इस बार किसी भी दल को बहुमत नहीं मिलेगा। जहां तक मोदी सरकार की बात है तो इस बार मोदी को 150 सीटें ही मिलेंगी। मोदी अपने वादों पर खरे नही उतरे हैं। 23 मई तक इंतजार कीजिए।

गठबंधन की सरकार बनी तो आप पार्टी की क्या भूमिका रहेगी?

संजय- हमें दिल्ली के अलावा हरियाणा व पंजाब में भी सफलता मिलेगी। पूरा आकलन करने के बाद अपनी भूमिका रखेंगे। मोदी-शाह को रोकने के लिए जो भी सरकार बनेगी, हम समर्थन देंगे।

वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ प्रियंका गांधी वाड्रा को उतारे जाने की चर्चा थी। पर एन मौके पर कांग्रेस ने अपने कदम खींच लिए।

संजय- यह कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की बचकाना हरकत है। या तो कांग्रेस को इस तरह की चर्चा से बचना चाहिए था और अगर मन बनाया ही था तो साबित करते। इससे गलत संदेश गया है। प्रियंका उतरती तो उन्हें विपक्षी दलों से समर्थन मिल जाता।

Updated : 27 April 2019 12:28 PM GMT
Tags:    

Swadesh Digital

स्वदेश वेब डेस्क www.swadeshnews.in


Next Story
Share it
Top