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राष्ट्रीयता से ओत-प्रोत संस्कारवान शिक्षा देने का काम रही विद्या भारती : मुख्यमंत्री

साम्प्रदायिक विभाजन की जड़ों पर प्रहार होना चाहिए

राष्ट्रीयता से ओत-प्रोत संस्कारवान शिक्षा देने का काम रही विद्या भारती : मुख्यमंत्री
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लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राष्ट्रीयता से ओतप्रोत संस्कारवान शिक्षा देने का काम विद्या भारती कर रही है। आज देश के अंदर ही नहीं, दुनिया के तमाम देशों में हजारों की संख्या में विद्याभारती के शिक्षा संस्थान वर्तमान पीढ़ी को बिना भेदभाव के शिक्षा देने का काम कर रहे हैं। मुख्यमंत्री गुरुवार को निरालानगर में विद्या भारती द्वारा आजादी के अमृत महोत्सव पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विद्या भारती का शुभारम्भ 1952 में गोरखपुर में ही हुआ था। गोरखपुर के जिस पहले शिशु मंदिर से विद्या भारती की शुरुआत हुई, वह विद्यालय आज भी राष्ट्रीयता से ओतप्रोत राष्ट्रभक्तों को पैदा करने का काम कर रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत के सैनिकों के शौर्य पराक्रम को पूरी दुनिया स्वीकार करती है। विद्या भारती द्वारा आजादी के अमर बलिदानियों को अपने वीर सैनिकों को सम्मान देने का यह अभिनंदनीय प्रयास है। सैनिक सम और विषम परिस्थिति में राष्ट्र प्रथम के साथ कार्य करने का जज्बा वर्तमान ही नहीं भविष्य की पीढ़ी को दिशा देते हैं।

योगी ने कहा कि यह प्रत्येक नागरिक के मन में देश की आजादी के प्रति एक जज्बा भी पैदा करता है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आजादी के अमृत महोत्सव के नाम से पूरे देश को जोड़ने का काम किया है। उन्होंने कहा कि देश की आजादी के अमृतवर्ष के हम साक्षी बन रहे हैं। 15 अगस्त 2022 को अपने आजादी के 75 वर्ष पूरा होगा। हम आने वाली पीढ़ी को यह बताने वाले होंगे कि उस समय क्या संकल्प पूरे देश ने लिया था।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 अगस्त 1947 को देश स्वतंत्र जरूर हुआ था लेकिन आजादी के जिन संकल्पों को लेकर स्वतंत्रता सेनानियों ने अपने को बलिदान किया था उनकी भावनाओं के अनुरूप भारत को बढ़ाने का काम नहीं हुआ। मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद एक भारत श्रेष्ठ भारत की परिकल्पना पर ईमानदारी से काम हुआ।

साम्प्रदायिक विभाजन की जड़ों पर प्रहार होना चाहिए -

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आजादी के बाद तुष्टीकरण की राजनीति ने देश को साम्प्रदायिकता की तरफ धकेलने का काम किया। इसलिए साम्प्रदायिक विभाजन की जड़ों पर प्रहार होना चाहिए।योगी ने कहा कि देश से उग्रवाद सदैव के लिए समाप्त करने के लिए चाहे अनुच्छेद 370 को समाप्त करने का काम रहा हो या फिर हमें अपने सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए और देश की आस्था के सम्मान के लिए राम मंदिर निर्माण का काम हो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अमृत महोत्सव के संकल्प से हम सबको जुड़ना होगा। जब देश आजादी का शताब्दी समारोह मना रहा होगा उस समय शिक्षा स्वास्थ्य,कृषि, विज्ञान,मीडिया व उद्यमिता के क्षेत्र में प्रत्येक व्यक्ति ईमानदारी के साथ अपने कर्तव्यों का पालन करे तो भारत समर्थ बन सकता है।

केजीएमयू के पूर्व कुलपति डा. एम.एल.बी.भट्ट ने कहा कि 1947 में हमें मात्र राजनीतिक आजादी मिली। अंग्रेजी मानसिकता वाली सरकार ने संघ पर भी प्रतिबंध लगाने का काम किया। उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रादुर्भाव को लोकधारा के विकास की निरन्तरता के रूप में देखा जा सकता है। कोविड जैसी महामारी में भारत सरकार अपने नागरिकों के हितों की रक्षा के लिए खड़ी रही। इस अवसर पर विद्याभारती के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री यतीन्द्र शर्मा भी प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन सौरभ मिश्र ने किया।

Updated : 2022-05-20T16:36:58+05:30
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स्वदेश वेब डेस्क

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