Home > राज्य > अन्य > बारामूला : लश्कर के टॉप कमांडर सहित दो आतंकी ढेर, तीन जवान भी शहीद

बारामूला : लश्कर के टॉप कमांडर सहित दो आतंकी ढेर, तीन जवान भी शहीद

बारामूला : लश्कर के टॉप कमांडर सहित दो आतंकी ढेर, तीन जवान भी शहीद
X

श्रीनगर। कश्मीर के पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) विजय कुमार ने सोमवार (17 अगस्त) को बताया कि बारामूला में सुरक्षाबलों के साथ मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) का कमांडर सज्जाद उर्फ हैदर मारा गया है। कुमार ने कहा, "बारामुला इनकाउंटर में एलईटी का टॉप कमांडर सज्जाद को ढेर कर दिया गया है। यह पुलिस और सुरक्षाबलों के लिए बड़ी कामयाबी है।" वहीं केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) ने कहा कि अब तक सुरक्षाबलों ने दो आतंकवादियों को मार गिराया है और एक एके रायफल व दो पिस्टल जब्त किए हैं। तीसरे आतंकी की तलाश जारी है।

जम्मू-कश्मीर के बारामूला जिले में सोमवार (17 अगस्त) को एक आतंकवादी हमले में सीआरपीएफ और पुलिस के तीन जवानों के शहीद होने की घटना के कुछ घंटे बाद यहां सुरक्षा बलों और आतंकवादियों के बीच मुठभेड़ शुरू हो गई। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि आतंकवादियों ने एक नाके पर सोमवार सुबह सुरक्षा बल के एक दल पर हमला कर दिया था, जिसके बाद उत्तरी कश्मीर के बारामूला जिले के करीरी इलाके में सुरक्षा बलों और आतंकवादियों के बीच यह मुठभेड़ हुई।

उन्होंने बताया कि हमले में सीआरपीएफ के दो जवान और जम्मू-कश्मीर पुलिस का एक विशेष पुलिस अधिकारी (एसपीओ) शहीद हो गया था। अधिकारी ने बताया कि हमले के तुरंत बाद ही सुरक्षा बलों ने इलाके की घेराबंदी कर आतंकवादियों की धर-पकड़ के लिए अभियान शुरू कर दिया था।

आईजीपी विजय कुमार ने मौके पर पहुंचकर संवाददाताओं से कहा, ''चश्मदीदों के अनुसार, घने बाग से तीन आतंकवादी आए थे और उन्होंने नाके पर अंधाधुंध गोलीबारी करनी शुरू कर दी। गोलीबारी में सीआरपीएफ के दो जवान और जम्मू-कश्मीर पुलिस का एक कर्मी शहीद हो गया। ऐसा प्रतीत होता है कि हमले के पीछे लश्कर का हाथ है। हम इसका मुंहतोड़ जवाब देंगे।" उन्होंने कहा, ''हमने इलाके की घेराबंदी कर ली है और तलाश जारी है। हमें उम्मीद है कि हम उन्हें मार गिराएंगे।"

आतंकवादियों के अपनी रणनीति बदलने और सुरक्षाबलों पर हमला कर फरार हो जाने के सवाल पर आईजीपी ने कहा कि यह चिंता का विषय है और बल जल्द इसका समाधान ढूंढ लेगा। उन्होंने कहा, ''यह चिंता का विषय है। नाके पर बल के कम ही कर्मी होते हैं और अधिकतर ये दूर-दराज इलाकों में होते हैं, जहां अधिकतर ये आम नागरिकों के साथ आते हैं। कई बार हमने नुकसान उठाया और वे भागने में कामयाब रहे हैं, लेकिन हम इससे निपटने के लिए जल्द कोई समाधान खोज लेंगे।"

Updated : 17 Aug 2020 2:46 PM GMT
Tags:    

Swadesh Digital

स्वदेश वेब डेस्क www.swadeshnews.in


Next Story
Share it
Top