मध्यप्रदेश शीतलहर अलर्ट: पचमढ़ी में जमी बर्फ, नौगांव में 1 डिग्री तापमान; 19 जिलों में स्कूल बंद

मध्यप्रदेश में कड़ाके की ठंड, शीतलहर और घने कोहरे ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। सोमवार सुबह प्रदेश में इस सीजन का सबसे घना कोहरा दर्ज किया गया, जिससे कई इलाकों में विजिबिलिटी 20 मीटर से भी कम रह गई। ठंड की तीव्रता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि हिल स्टेशन पचमढ़ी में गाड़ियों की सीटों और घास पर बर्फ जम गई, जबकि छतरपुर जिले के नौगांव में न्यूनतम तापमान 1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम की इस गंभीर स्थिति को देखते हुए राज्य के 19 जिलों में स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है, वहीं भोपाल और धार में स्कूलों की टाइमिंग बदली गई है।
जनजीवन अस्त- वयस्त
घना कोहरा और शीतलहर केवल दैनिक जीवन ही नहीं, बल्कि यातायात और सुरक्षा के लिए भी बड़ा खतरा बन गए हैं। बड़वानी जिले के अंजड़ थाना क्षेत्र में सोमवार सुबह कोहरे के कारण सांची दूध का एक टैंकर पलट गया। हादसे में हेल्पर कन्हैयालाल मुजाल्दे (35) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि ड्राइवर गंभीर रूप से घायल हो गया। इस दुर्घटना में हजारों लीटर दूध सड़क पर बह गया और एक बिजली पोल भी क्षतिग्रस्त हुआ। यह घटना ठंड और कोहरे से जुड़े जोखिमों को रेखांकित करती है, जो इस समय एक पब्लिक इंटरेस्ट स्टोरी बन चुकी है।
घना कोहरा के कारण यातायात प्रभावित
भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, रीवा, सागर, शहडोल, कटनी सहित तीन दर्जन से अधिक जिलों में सुबह घना कोहरा छाया रहा। इंदौर एयरपोर्ट पर लगातार तीसरे दिन हवाई सेवाएं प्रभावित रहीं। पहली फ्लाइट लगभग दो घंटे की देरी से उतरी और 10 से अधिक उड़ानें देर से संचालित हुईं। सड़क मार्गों पर भी वाहनों की रफ्तार धीमी रही, खासकर मुंबई-आगरा नेशनल हाईवे के बिजासन घाट जैसे इलाकों में।
ठंड के कारण स्कूल बंद
तेज सर्दी को देखते हुए इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, रायसेन, राजगढ़, शाजापुर, विदिशा, टीकमगढ़, रतलाम, जबलपुर सहित 19 जिलों में नर्सरी से आठवीं कक्षा तक के स्कूलों में एक से तीन दिन का अवकाश घोषित किया गया है। भोपाल और धार में स्कूल सुबह 9.30 बजे के बाद खोलने के निर्देश दिए गए हैं। कई नगर निकायों ने सार्वजनिक स्थानों पर अलाव जलाने और जरूरतमंदों को राहत पहुंचाने के निर्देश जारी किए हैं।
मौसम विभाग के अनुसार अगले दो दिनों तक शीतलहर और घने कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है। कुछ जिलों में कोल्ड वेव का अलर्ट जारी किया गया है। विशेषज्ञों ने नागरिकों से सुबह-शाम अनावश्यक यात्रा से बचने, गर्म कपड़े पहनने और सावधानी बरतने की अपील की है।
