गुजरात के गांधीनगर में इंदौर जैसा दूषित पानी, 100 से ज्यादा मरीज से मचा हड़कंप

गांधीनगरः गुजरात के गांधीनगर में भी अब इंदौर जैसी ही भयावह स्थिति पैदा हो गई है। दूषित पानी के कारण 100 से ज्यादा लोग बीमार होकर सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इनके हेल्थ टेस्ट में पता चला है कि ज्यादातर मरीजों को टायफाइड हुआ है और इलाके के पीने का पानी असुरक्षित है।
इलाके में इतने लोगों की तबीयत बिगड़ने के बाद नगर निगम ने घर-घर सर्वेक्षण कर क्लोरीन की गोलियां बांटना शुरू कर दिया है। साथ ही लोगों को पानी उबालकर पीने की सलाह दी है। वहीं, इस गंभीर मामले पर गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष सांघवी ने अधिकारियों के साथ बैठक कर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह नजर बनाए हुए हैं। गृह मंत्री और गांधीनगर के सांसद अमित शाह ने भी फोन पर हालात का जायजा लिया और राज्य सरकार को बेहतर इलाज सुनिश्चित करने को कहा।
शहर से टाइफाइड के बढ़े मामले
मिली जानकारी के अनुसार गुजरात के गांधीनगर इलाके में अचानक बड़ी मात्रा में टाइफाइड के मामले सामने आए हैं। अधिकारियों ने बताया कि 100 से अधिक मरीजों के भर्ती कराया गया है। इसमें बच्चे भी शामिल हैं। इन मरीजों की संख्या अचानक से बढ़ी है। गांधी नगर के सेक्टर 25,26 और 28 में मरीजों की संख्या बढ़ती गई। डिप्टी सीएम हर्ष संघवी ने एक दिन पहले गांधी नगर सिविल अस्पताल के हालात का रिव्यू किया।
22 डॉक्टरों की टीम फील्ड में उतरी
स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों के पानी के नमूने लिए और करीब 10 हजार घरों का सर्वे किया। 22 डॉक्टरों की टीम लोगों के इलाज में जुटी है। उपमुख्यमंत्री संघवी ने खुद सरकारी अस्पताल जाकर मरीजों की तबीयत पूछी और संक्रमण फैलने से रोकने के लिए हर संभव कदम उठाने का भरोसा दिया।
स्थानीय लोग दावा कर रहे हैं कि सीवरेज लाइन में लीकेज के कारण गंदा पानी पेयजल में मिल गया,जो इस संकट की जड़ है। सरकार ने इस गंभीर समस्या को हल करने के लिए फिलहाल हरसंभव कोशिश शुरू कर दी है।
