PM मोदी: 10 साल में 500 से 2 लाख स्टार्टअप, भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा इकोसिस्टम

PM मोदी: 10 साल में 500 से 2 लाख स्टार्टअप, भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा इकोसिस्टम
X
पीएम मोदी बोले भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन गया है। 10 साल में स्टार्टअप 500 से बढ़कर 2 लाख हुए

नई दिल्ली। एक वक्त था जब स्टार्टअप शब्द सिर्फ चुनिंदा लोगों तक सीमित था, लेकिन आज वही शब्द देश के लाखों युवाओं की पहचान बन चुका है. नेशनल स्टार्टअप डे के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के स्टार्टअप सफर को लेकर ऐसे आंकड़े रखे, जिन्होंने सबका ध्यान खींच लिया ।

भारत मंडपम से प्रधानमंत्री का संदेश

शुक्रवार को नई दिल्ली के भारत मंडपम में स्टार्टअप इंडिया अभियान के 10 साल पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कहा कि भारत आज दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन चुका है उन्होंने बताया कि 10 साल पहले देश में 500 से भी कम स्टार्टअप थे आज यह संख्या 2 लाख से ज्यादा हो चुकी है इन स्टार्टअप्स से 21 लाख से अधिक लोगों को रोजगार मिला है प्रधानमंत्री के शब्दों में ये सिर्फ आंकड़े नहीं हैं, ये भारत के युवाओं के सपनों की कहानी है ।

स्टार्टअप इंडिया ने बदली मिडिल क्लास की सोच

पीएम मोदी ने अपने संबोधन में एक अहम बदलाव की ओर इशारा किया। उन्होंने कहा कि पहले नया बिजनेस या वेंचर शुरू करना बड़े घरानों तक सीमित था प्रधानमंत्री ने कहा मिडिल क्लास और गरीब परिवारों के बच्चे नौकरी तक ही अपने सपने सीमित रखते थे। स्टार्टअप इंडिया ने ये हालात बदले हैं ।आज छोटे शहरों और कस्बों से निकलकर युवा अपने आइडिया पर काम कर रहे हैं कोई एग्रीटेक में, कोई हेल्थटेक में तो कोई फिनटेक और AI के क्षेत्र में ।

AI और टेक्नोलॉजी में आगे बढ़ने का आह्वान

पीएम मोदी ने साफ शब्दों में कहा कि जो देश AI रेवोल्यूशन में आगे होगा, वही भविष्य में आगे जाएगा उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे सिर्फ सर्विस नहीं, बल्कि नए प्रोडक्ट्स और नई टेक्नोलॉजी विकसित करें। पीएम मोदी ने भरोसा दिलाया आपके करेज, कॉन्फिडेंस और इनोवेशन से भारत का भविष्य आकार ले रहा है। सरकार आपके साथ खड़ी है।


स्टार्टअप इंडिया एक दशक की यात्रा

स्टार्टअप इंडिया कैंपेन की शुरुआत 16 जनवरी 2016 को हुई थी, इसका मकसद था

  • इनोवेशन को बढ़ावा देना
  • एंटरप्रेन्योरशिप को सपोर्ट करना
  • निवेश के जरिए ग्रोथ को संभव बनाना

पिछले एक दशक में इस पहल ने एक ऐसा माहौल बनाया, जहां आइडिया की कीमत है, न कि सिर्फ पहचान की. प्रधानमंत्री ने कहा कि अब नजर अगले 10 साल पर होनी चाहिए। लक्ष्य साफ है रत को स्टार्टअप और टेक्नोलॉजी में दुनिया का लीडर बनाना।

Tags

Next Story