SIR के खिलाफ INDIA ब्लॉक की रैली आज दिल्ली के रामलीला मैदान में होगी। 20 से ज्यादा दल जुटेंगे और राहुल, खड़गे, अखिलेश, ममता मंच से बोलेंगे। रैली नहीं करने के लिए व्यापारियों ने 4 पत्र लिखे थे।
नई दिल्ली। मुख्य निर्वाचन आयुक्त और एसआईआर के खिलाफ INDIA ब्लॉक आज रविवार को दिल्ली के रामलीला मैदान में बड़ी रैली कर रहा है। इसमें 20 से ज्यादा विपक्षी पार्टियां हिस्सा लेंगी। राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, अखिलेश यादव और ममता बनर्जी रैली को संबोधित करेंगे। कांग्रेस का दावा है कि मैदान में 10 लाख लोग पहुंचेंगे। विपक्ष व्यापारियों और सिख समाज के हितों को ताक पर रखते हुए यह रैली कर रहा है।
25 दिन में नौवीं बार सड़क पर विपक्ष
बता दें कि पिछले 25 दिनों में यह नौवां मौका है। जब विपक्षी दल SIR के मुद्दे पर एक साथ आए हैं। इससे पहले 6 से 13 अक्टूबर के बीच आठ दिनों में राहुल गांधी समेत INDIA ब्लॉक के नेताओं ने आठ बार प्रदर्शन किया था। रामलीला मैदान की रैली को इसी सिलसिले की सबसे बड़ी कड़ी माना जा रहा है।
सुबह से तैयारियां, पैरामिलिट्री फोर्स तैनात
मैदान में सुबह से समर्थकों का जुटना शुरू हो गया है। सुरक्षा के लिए पैरामिलिट्री फोर्स तैनात की गई है। मैदान गीला होने की वजह से कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने खुद सफाई का जिम्मा संभाला। दिल्ली पुलिस ने रैली के लिए सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक, यानी सिर्फ सात घंटे की इजाजत दी है। शाम 5 बजे के बाद मैदान खाली करना होगा और रात में रुकने की अनुमति नहीं है।
इस बीच अभिजीत दिपके ने भी रैली को समर्थन दिया है। उन्होंने कहा कि उनका संगठन स्वतंत्र और निष्पक्ष मंच है और वे इसे वैसा ही रखना चाहते हैं, लेकिन वोट चोरी के खिलाफ लड़ रहे सभी संगठनों के साथ खड़े रहेंगे। संसद के दोनों सदनों में विपक्ष की तरफ से कांग्रेस के सबसे ज्यादा सांसद हैं।
त्योहारी सीजन में बाजारों की चिंता, राहुल की अपील
रैली को लेकर दिल्ली के व्यापारी परेशान हैं। रामलीला मैदान के पांच किलोमीटर के दायरे में 20 से ज्यादा बड़े थोक बाजार आते हैं। इनमें चांदनी चौक, सदर बाजार, खारी बावली, नया बाजार, चावड़ी बाजार, दरियागंज और कश्मीरी गेट शामिल हैं। बैरिकेडिंग और सड़कें बंद होने से दिल्ली के बाहर से रोज आने वाले 3 से 4 लाख खरीदारों के बाजार तक पहुंचने में मुश्किल होगी। जाम के डर से स्थानीय ग्राहक भी घर से निकलने से बच सकते हैं।
चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष बृजेश गोयल ने INDIA गठबंधन के सभी दलों को चिट्ठी लिखी थी। उनका अनुमान है कि दिवाली के सीजन में व्यापारियों को 10 हजार करोड़ रुपए का नुकसान हो सकता है। व्यापारी संगठन CAIT के मुताबिक 2025 में इन बाजारों में दिवाली की बिक्री 75,000 करोड़ रुपए तक पहुंच गई थी। व्यापारियों ने राहुल गांधी को चार बार पत्र लिखकर रैली 10 नवंबर तक टालने की मांग की थी।
क्या बोले सिख संगठन
एक तरफ रैली से व्यापार प्रभावित हो रहा है। वहीं, सिख संगठनों का कहना है कि 1984 के सिख विरोधी दंगों की बरसी के समय इस तरह के राजनीतिक आयोजन पीड़ित परिवारों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ है। उधर बीजेपी नेताओं ने कहा कि कांग्रेस नेताओं को सिख विरोधी दंगों के लिए माफी मांगना चाहिए, जबकि वे उनकी भावनाओं को ही भड़का रहे हैं।