ढाबे के पालक पनीर की सबसे बड़ी खासियत उसका चमकदार हरा रंग और देसी घी की खुशबू होती है। इसके साथ ऊपर से डाला गया लहसुन का तड़का स्वाद को और भी शानदार बना देता है।
पालक उबालते समय पानी में थोड़ा-सा चीनी डाल लीजिए। इससे पालक का रंग काला नहीं पड़ता और सब्जी बिल्कुल हरी और फ्रेश दिखती है।
पालक उबालने के तुरंत बाद उसे बर्फ वाले ठंडे पानी में डाल देना चाहिए। इससे पालक का रंग और स्वाद दोनों लंबे समय तक बने रहते हैं।
ठंडा होने के बाद पालक को मिक्सर में पीसकर स्मूद पेस्ट बना लें। इससे पालक पनीर की ग्रेवी बिल्कुल होटल और ढाबे जैसी क्रीमी बनती है।
कड़ाही में तेल और थोड़ा देसी घी गर्म करें और उसमें जीरा, प्याज और हरी मिर्च डालकर अच्छे से भून लें। फिर अदरक-लहसुन पेस्ट और टमाटर डालकर मसाले को पकाएं।
जब मसाला अच्छे से पक जाए तो उसमें पिसा हुआ पालक और पनीर डालकर धीमी आंच पर कुछ मिनट पकाएं। आखिर में थोड़ी मलाई डालने से ग्रेवी और ज्यादा टेस्टी बन जाती है।
सबसे आखिर में देसी घी में ढेर सारा लहसुन और सूखी लाल मिर्च भूनकर तड़का लगाएं। यही लहसुनी तड़का ढाबे वाले पालक पनीर का असली स्वाद देता है।