IPL 2026 में जसप्रीत बुमराह अब तक विकेट नहीं ले पाए हैं। लगातार 20.2 ओवर से खाली हाथ रहने पर मुंबई इंडियंस की रणनीति और हार्दिक पांड्या की कप्तानी पर सवाल उठ रहे हैं।
इंडियन प्रीमियर लीग 2026 में मुंबई इंडियंस के स्टार तेज गेंदबाज Jasprit Bumrah का प्रदर्शन चर्चा में है। दुनिया के सबसे घातक डेथ बॉलर माने जाने वाले बुमराह पिछले कई मुकाबलों से विकेट लेने में सफल नहीं हो पाए हैं। लगातार 20.2 ओवर से विकेट नहीं मिलने ने टीम रणनीति पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
लगातार विकेट नहीं मिलने का सिलसिला
अब तक खेले गए मैचों में बुमराह ने चार अलग-अलग टीमों के खिलाफ गेंदबाजी की है। हालांकि उन्हें किसी भी मैच में सफलता नहीं मिली। उनके पिछले कुछ स्पेल इस प्रकार रहे-
-पंजाब किंग्स के खिलाफ: 0/40 (4 ओवर)
-कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ: 0/35 (4 ओवर)
-दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ: 0/21 (4 ओवर)
-राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ: 0/32 (3 ओवर)
-रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के खिलाफ: 0/35 (4 ओवर)
इस दौरान उनकी गेंदबाजी की रफ्तार में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।
रफ्तार और लय पर सवाल
कुछ मुकाबलों में बुमराह की स्पीड अपेक्षाकृत कम नजर आई। माना जा रहा है कि यह फिटनेस मैनेजमेंट या वर्कलोड कंट्रोल का हिस्सा हो सकता है। सेंटर ऑफ एक्सीलेंस से जुड़ाव के बाद उनकी वापसी को भी इसी संदर्भ में देखा जा रहा है। हालांकि RCB के खिलाफ मैच में उनकी रफ्तार में सुधार दिखा। इस दौरान वह अपनी लाइन-लेंथ पर बेहतर नजर आए। इसके बावजूद विकेट कॉलम खाली रहा।
मुंबई इंडियंस की रणनीति पर चर्चा
एक्सपर्ट का मानना है कि मुंबई इंडियंस बुमराह को मुख्य रूप से रन रोकने वाले गेंदबाज के रूप में इस्तेमाल कर रही है। कई मैचों में उन्हें ऐसे समय पर गेंदबाजी दी गई जब विपक्षी टीम बड़ा स्कोर बना चुकी थी। मुंबई इंडियन्स की गेंदबाजी रणनीति में यह बदलाव सवालों के घेरे में है कि क्या उनका सबसे बड़ा हथियार सही तरीके से उपयोग हो रहा है या नहीं।
हार्दिक पांड्या की कप्तानी पर सवाल
टीम के कप्तान हार्दिक पांड्या के गेंदबाजी बदलाव और ओवर प्लानिंग पर भी चर्चा तेज हो गई है। कई मौकों पर बुमराह को देर से गेंदबाजी में लाना या मुश्किल परिस्थितियों में इस्तेमाल करना टीम को नुकसान पहुंचा रहा है, ऐसा विश्लेषकों का मानना है।
क्या यह चिंता की बात है?
आंकड़ों के अनुसार बुमराह की इकॉनमी अब भी प्रभावशाली बनी हुई है, लेकिन विकेट न मिलना एक असामान्य स्थिति है। विशेषज्ञ इसे “फॉर्म नहीं, बल्कि रोल मैनेजमेंट का असर” मान रहे हैं। हालांकि, क्रिकेट विश्लेषकों का कहना है कि जैसे-जैसे टूर्नामेंट आगे बढ़ेगा, बुमराह अपनी लय वापस पा सकते हैं और विकेटों की वापसी संभव है।