मध्य प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच कई जिलों में बारिश से राहत मिली। भोपाल समेत कई शहरों में मौसम बदला, अगले 3 दिन गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना।
भोपाल। मध्य प्रदेश में भीषण गर्मी के बीच मौसम ने अचानक करवट बदल ली है। रविवार शाम कई जिलों में बारिश दर्ज की गई, जिससे लोगों को राहत मिली। हालांकि प्रदेश के कई हिस्सों में अभी भी लू का असर जारी है, जिससे मौसम का मिजाज दो हिस्सों में बंटा नजर आ रहा है।
भोपाल समेत कई जिलों में बारिश
रविवार को महू में तेज बारिश हुई, जबकि भोपाल के कई इलाकों में हल्की बूंदाबांदी दर्ज की गई। सीहोर और रतलाम में अच्छी बारिश ने तापमान में गिरावट लाकर लोगों को गर्मी से राहत दी। गर्मी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए प्रशासन ने कई जिलों में स्कूलों के समय में बदलाव किया है। भोपाल में कक्षा 8वीं तक छुट्टी घोषित की गई है।
एक तरफ राहत दूसरी तरफ लू का प्रकोप
प्रदेश में मौसम का असर एक समान नहीं है। एक ओर जहां कुछ इलाकों में बादल और बारिश सक्रिय हैं, वहीं दूसरी ओर 22 जिलों में लू का अलर्ट जारी किया गया है। ग्वालियर, भिंड, दतिया, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मंडला, बालाघाट, छिंदवाड़ा, रायसेन, नर्मदापुरम, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, धार और अलीराजपुर समेत कई जिलों में गर्म हवाएं लोगों को परेशान कर रही हैं।
अगले 3 दिन कैसा रहेगा मौसम
मौसम विभाग के अनुसार 27 अप्रैल से अगले तीन दिन तक प्रदेश में आंधी और गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से कई संभागों में बादल सक्रिय रहेंगे। 28 और 29 अप्रैल को ग्वालियर, चंबल, जबलपुर और सागर संभाग में बारिश के आसार हैं। हालांकि इस दौरान तापमान में हल्की गिरावट के बावजूद लू का असर पूरी तरह खत्म होने की संभावना नहीं है।
बारिश से पहले चरम पर थी गर्मी
बारिश से पहले प्रदेश में तापमान लगातार बढ़ रहा था। छतरपुर के खजुराहो में अधिकतम तापमान 44.6 डिग्री दर्ज किया गया। रतलाम, दतिया, धार और नौगांव में भी तापमान 44 डिग्री के आसपास रहा। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और जबलपुर जैसे बड़े शहरों में पारा 42 से 43 डिग्री के बीच बना रहा।
इस साल असामान्य रहा मौसम का पैटर्न
इस वर्ष मध्य प्रदेश में मौसम का पैटर्न सामान्य से अलग देखने को मिला है। फरवरी और मार्च में कई बार आंधी, बारिश और ओलावृष्टि हुई, जिससे फसलों को नुकसान पहुंचा। अप्रैल के अंतिम सप्ताह तक भी मौसम का यह उतार-चढ़ाव जारी है, जिससे आने वाले दिनों में भी अस्थिर मौसम बने रहने की संभावना जताई जा रही है।