मध्यप्रदेश की प्रसिद्ध बाग प्रिंट कला ने पेरिस के ‘फोयर डे पेरिस’ मेले में भारतीय संस्कृति की चमक बिखेरी। लाइव डेमोंस्ट्रेशन ने विदेशी दर्शकों को खासा आकर्षित किया।
मध्यप्रदेश की विश्वप्रसिद्ध हस्तशिल्प कला 'बाग प्रिंट' ने फ्रांस की राजधानी पेरिस में आयोजित 'फोयर डे पेरिस' में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारतीय कला और संस्कृति का भव्य प्रदर्शन किया जा रहा है, जिसमें बाग प्रिंट विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
भारतीय पवेलियन का हुआ उद्घाटन
पेरिस में आयोजित इस प्रतिष्ठित मेले में भारतीय दूतावास की थर्ड सेक्रेटरी सुश्री वर्धा खान ने भारतीय पवेलियन का उद्घाटन किया। इस दौरान मध्यप्रदेश के बाग (धार) के राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त शिल्पकार मोहम्मद बिलाल खत्री ने उन्हें पारंपरिक बाग प्रिंट अंगवस्त्र भेंट कर स्वागत किया।
बाग प्रिंट की बारीकियों से हुआ परिचय
शिल्पकार बिलाल खत्री ने सुश्री वर्धा खान को बाग प्रिंट की प्राकृतिक रंग प्रक्रिया और पारंपरिक ब्लॉक प्रिंट तकनीक की जानकारी दी। उन्होंने इस प्राचीन कला की सांस्कृतिक और पर्यावरणीय विशेषताओं को भी विस्तार से समझाया, जिसे उन्होंने भारतीय विरासत की अनमोल धरोहर बताया।
लाइव डेमोंस्ट्रेशन बना आकर्षण का केंद्र
सुश्री वर्धा खान ने पवेलियन भ्रमण के दौरान स्वयं बाग प्रिंट तकनीक का अनुभव लिया और लकड़ी के ठप्पों से रुमाल तैयार किया। अंतरराष्ट्रीय दर्शकों के लिए यह लाइव डेमोंस्ट्रेशन आकर्षण का प्रमुख केंद्र बना हुआ है, जहां पारंपरिक कला को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर मिल रहा है।
वैश्विक मंच पर भारतीय हस्तशिल्प की चमक
11 मई तक आयोजित इस 12 दिवसीय मेले में 47 से अधिक देशों के 1400 प्रदर्शक और लाखों आगंतुक शामिल हो रहे हैं। यहां बाग प्रिंट न केवल भारतीय परंपरा को प्रदर्शित कर रहा है, बल्कि आधुनिक डिजाइन के साथ अपनी वैश्विक अपील भी मजबूत कर रहा है।