कुर्सी को लेकर कांग्रेस जिलाध्यक्ष और पूर्व विधायक भिड़े, देखें वीडियो

ग्वालियर। मध्यप्रदेश में सरकार की कुर्सी पर बैठने का सपना देख रही कांग्रेस के नेता एक दूसरे की कुर्सी ही छीनने पर आमादा हैं। पिछले दिनों प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में प्रदेश प्रभारी दीपक बाबरिया के साथ हुए विवाद और फिर उज्जैन में नूरी खान को सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया द्वारा मंच से उतारने का मामला अभी ठंडा नहीं हुआ था कि ग्वालियर में कांग्रेस के दो बड़े पदाधिकारी कुर्सी के लिए आपस में भिड़ गए। दरअसल कांग्रेस के युवा नेता और दिवंगत जिला अध्यक्ष दर्शन सिंह के बेटे मितेंद्र सिंह ने कांग्रेस कार्यालय पर एक पत्रकार वार्ता का आयोजन किया था। वे 20 अगस्त को प्रस्तावित आंदोलन की तैयारी के बारे में पत्रकारों को बताने वाले थे। पत्रकार वार्ता शुरू हो पाती पहले ही कुर्सी को लेकर जिला अध्यक्ष डॉ देवेंद्र शर्मा पूर्व विधायक रमेश अग्रवाल के बीच विवाद हो गया। बताया गया है कि पत्रकार वार्ता शामिल होने के लिए मितेंद्र ने दोनों नेताओं को बुलाया था। पूर्व विधायक रमेश अग्रवाल पहले कार्यालय पहुँच गए बैठ गए। उसके बाद जैसे ही अध्यक्ष डॉ देवेंद्र शर्मा पहुंचे उन्होंने रमेश अग्रवाल को बैठा देखा तो उन्होंने आपत्ति जताई और दोनों के बीच विवाद हो गया। विवाद के बीच मितेंद्र सिंह ने हस्तक्षेप दोनों वरिष्ठ नेताओं को समझाइश दी अपने हाथ से दोनों नेताओं कुर्सी पास पास लगाकर उनको बैठा दिया।
बहरहाल कांग्रेस में हो रहे ये विवाद साफ बताते हैं कि उसे दूसरे की कुर्सी पर बैठने की कितनी जल्दी है भले ही इसके लिए अपने ही साथी की कुर्सी क्यों ना खिसकानी पड़े।
