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शपथ लेने के बाद एक्शन मोड में सरकारें, सकते में अधिकारी

नए उद्योग लगाने पर या मध्य प्रदेश में निवेश करने पर उद्योगपतियों को सिर्फ तभी सब्सिडी मिलेगी, जब उद्योगों में 70 प्रतिशत रोजगार स्थानीय लोगों को दिया जाएगा।

स्वदेश वेब डेस्क/जितेन्द्र बच्चन। देश के तीन राज्यों में कांग्रेस की सरकार बनाते ही वहां के मुख्यमंत्री एक्शन में आ गए हैं। मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री कमलनाथ और भूपेश बघेल ने शपथ के कुछ घंटों बाद ही किसानों के कर्ज माफ करने का आदेश जारी कर दिया। इसके अलावा रोजगार पैदा करने और प्रशासनिक व्यवस्था में भी बदलाव करने के लिए फैसले लिए गए। उससे छग के कई अधिकारी सकते में हैं।

उल्लेखनीय है कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी ने अपने चुनावी भाषणोें में सरकार बनते ही 10 दिन के अंदर किसानों के कर्ज माफ करने का वादा किया था, जिसे कमलनाथ और बघेल ने पहले ही दिन पूरा कर दिया। मध्य प्रदेश सरकार ने दो लाख तक का कर्ज माफ कर दिया है। माना जा रहा है कि इस फैसले का असर करीब 30 लाख से ज्यादा किसानों पर पड़ेगा। साथ ही कमलनाथ सरकार ने प्रदेश में मुख्यमंत्री कन्यादान योजना की राशि 28 हजार से बढ़ाकर 51 हजार रुपये कर दी है। नए उद्योग लगाने पर या मध्य प्रदेश में निवेश करने पर उद्योगपतियों को सिर्फ तभी सब्सिडी मिलेगी, जब उद्योगों में 70 प्रतिशत रोजगार स्थानीय लोगों को दिया जाएगा।

छत्तीगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश के 16 लाख 65 हजार से अधिक किसानों का करीब 6100 करोड़ रुपये का कर्ज माफ किया है। धान का समर्थन मूल्य 2500 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। मुख्यमंत्री भूपेश बेघल ने सोमवार की देर रात टीएन सिंह देव और ताम्रध्वज साहू के साथ मंत्रालय में पहली कैबिनेट बैठक की। मंगलवार की सुबह सरकार ने बताया कि 30 नवंबर 2018 की स्थिति के अनुसार सहकारी बैंक व छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक में कृषकों के अल्पकालीन ऋण को माफ कर दिया गया। इससे 16 लाख 65 हजार से ज्यादा किसानों का 61 सौ करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज माफ होगा।

मुख्यमंत्री बघेल ने झीरम हमले के शहीदों को न्याय दिलाने के लिए एसआईटी का गठन किया है। नक्सल विरोधी ऑपरेशन के स्पेशल डायरेक्टर डीएम अवस्थी की जिम्मेदारी बढ़ा दी गई है। उन्हें मुकेश गुप्ता की जगह एसीबी और ईओडब्ल्यू का कार्यभार भी दिया गया है। इसके अलावा भूपेश बघेल ने प्रशासनिक व्यवस्था में भी बदलाव करते हुए अशोक जुनेजा को खुफिया विभाग का हेड नियुक्त किया है।संजय पिल्लई को छत्तीसगढ़ खुफिया विभाग का विशेष डायरेक्टर बनाया है। पिल्लई 1968 बैच के अधिकारी हैं। साथ ही छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने झीरम घाटी कांड के दौरान खुफिया विभाग के आईजी रहे मुकेश गुप्ता का तबादला कर दिया है। गुप्ता को रायपुर में पुलिस हेडक्वार्टर भेजा गया है। वह फिलहाल एसीबी की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। इस फेरबदल से कई बड़े अधिकारी सकते में हैं। (हिस)

उल्लेखनीय है कि सोमवार सुबह अशोक गहलोत और सचिन पायलट के शपथ ग्रहण के बाद कमलनाथ और सबसे आखिर में भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ के सीएम के रूप में शपथ ली थी। शाम तक खत्म हुए शपथ ग्रहण के कुछ ही घंटों के भीतर मध्य प्रदेश के सीएम कमलनाथ और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने एक्शन लेना शुरू कर दिया। दोनों मुख्यमंत्रियों ने अपने सबसे बड़े चुनावी मुद्दे और राहुल गांधी के सबसे बड़े चुनावी वादे पर अमल करते हुए किसानों के कर्ज माफ करने का निर्णय कर दिया है।

Updated : 2019-01-05T14:38:53+05:30
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Swadesh Digital

स्वदेश वेब डेस्क www.swadeshnews.in


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