भारत सरकार ने विदेशियों के रजिस्ट्रेशन और इमिग्रेशन नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब 180 दिन पूरे होने से पहले भी रजिस्ट्रेशन कराया जा सकेगा। ऑनलाइन अपील और बच्चों की नागरिकता से जुड़े नए भी लागू हुए
भारत में लंबे समय तक रहने वाले विदेशी नागरिकों के लिए केंद्र सरकार ने इमिग्रेशन और रजिस्ट्रेशन से जुड़े नियमों में अहम बदलाव किए हैं। गृह मंत्रालय ने नए संशोधित नियम जारी किए हैं, जिनके तहत अब विदेशी नागरिक 180 दिन पूरे होने का इंतजार किए बिना पहले ही अपना रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे।
नई दिल्ली से जारी अधिसूचना के मुताबिक, ये बदलाव Immigration and Foreigners (Amendment) Rules, 2026 के तहत लागू किए गए हैं। सरकार का कहना है कि इससे रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया अधिक व्यवस्थित होगी और विदेशी नागरिकों को समय पर दस्तावेजी औपचारिकताएं पूरी करने में सुविधा मिलेगी।
180 दिन पूरे होने का इंतजार अब जरूरी नहीं
अब तक नियम यह था कि भारत में 180 दिन का प्रवास पूरा करने के बाद विदेशी नागरिकों को अगले 14 दिनों के भीतर रजिस्ट्रेशन कराना होता था। कई मामलों में इस समय-सीमा को लेकर भ्रम और देरी की शिकायतें सामने आती थीं नए नियमों के बाद विदेशी नागरिक 180 दिन पूरे होने से पहले ही किसी भी समय रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे। इससे प्रक्रिया अधिक लचीली हो जाएगी और अंतिम समय की परेशानियां कम होने की उम्मीद है हालांकि, सरकार ने देर से रजिस्ट्रेशन कराने के मामलों में सख्ती भी बढ़ा दी है। तय समय निकल जाने के बाद केवल विशेष परिस्थितियों में ही रजिस्ट्रेशन की अनुमति दी जाएगी।
पहली बार ऑनलाइन अपील का विकल्प
दरअसल, नए नियमों की सबसे महत्वपूर्ण विशेषताओं में से एक ऑनलाइन अपील की सुविधा है। अब किसी भी आदेश से प्रभावित व्यक्ति सीधे ब्यूरो ऑफ इमिग्रेशन के आयुक्त के समक्ष डिजिटल माध्यम से अपील दाखिल कर सकेगा। नियमों के अनुसार, आदेश प्राप्त होने के 30 दिनों के भीतर अपील करना आवश्यक होगा। इसके बाद आयुक्त संबंधित पक्ष को सुनवाई का अवसर देंगे और मामले पर निर्णय लेंगे। सरकार ने यह भी प्रावधान किया है कि अपीलों का निपटारा यथासंभव 60 दिनों के भीतर किया जाए। इससे लंबित मामलों को कम करने में मदद मिल सकती है।
बच्चों की नागरिकता को लेकर क्या बदला?
नए संशोधनों में बच्चों की नागरिकता से जुड़े प्रावधानों को भी स्पष्ट किया गया है। यदि माता-पिता में से एक भारतीय नागरिक है और बच्चे की भारतीय नागरिकता बरकरार रखना चाहता है, तो उस बच्चे पर विदेशी नागरिकों के रजिस्ट्रेशन संबंधी नियम लागू नहीं होंगे। वहीं, यदि भारत में रह रहा कोई बच्चा किसी अन्य देश की नागरिकता प्राप्त कर लेता है, तो उसके माता-पिता या अभिभावकों को 30 दिनों के भीतर इसकी सूचना संबंधित रजिस्ट्रेशन अधिकारी को देनी होगी। यही बदलाव भविष्य में नागरिकता और इमिग्रेशन से जुड़े रिकॉर्ड को अधिक पारदर्शी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।