हथिनीकुंड बैराज में सेना के अभ्यास के दौरान नाव तेज बहाव में बह गई। पांच कमांडो हादसे का शिकार हुए थे। इनमें से तीन किसी तरह बच गए है जबकि दो जवान अब भी लापता हैं।
चंडीगढ़। हरियाणा के यमुनानगर स्थित हथिनीकुंड बैराज में सेना के अभ्यास के दौरान बड़ा हादसा हो गया। चिनूक हेलीकॉप्टर से बैराज में कूदकर जल-कौशल प्रशिक्षण कर रहे कमांडो की नाव तेज बहाव में बह गई। हादसे में दो जवान लापता हैं। वहीं, तीन जवानों को सुरक्षित बचा लिया गया।
नाव का इंजन बंद होने से बिगड़े हालात
हादसा मंगलवार की शाम करीब 6 बजे पश्चिमी यमुना नहर के डायवर्जन गेट नंबर 8 के पास हुआ। प्रशिक्षण के दौरान नाव का इंजन अचानक बंद हो गया। इसके बाद तेज बहाव के कारण नाव बहने लगी और गेट नंबर-8 के पास जाकर फंस गई। जान बचाने के लिए जवानों ने पानी में छलांग लगाई। एक जविन गेट पर चढ़कर सुरक्षित हो गया। वहीं, दो जवान करीब 100 मीटर तक तैरकर बाहर निकल आए। तेज बहाव में दो जवान लापता हो गए।
सेना और एनडीआरएफ का सर्च ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलते ही सेना, एसडीआरएफ, पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। यमुनानगर और उत्तर प्रदेश से एसडीआरएफ की टीमें भी तलाशी अभियान में जुटी हैं। सेना के हेलिकॉप्टर से भी बैराज और आसपास के इलाकों में निगरानी की जा रही है। लापता जवानों की तलाश बैराज के करीब 20 से 35 किमी के दायरे में की जा रही है। सेना के करीब 100 जवान भी सर्च ऑपरेशन में शामिल हैं।
नाहन ट्रेनिंग सेंटर से आए थे कमांडो
बताया गया है कि सभी जवान हिमाचल प्रदेश के नाहन स्थित ट्रेनिंग सेंटर से अभ्यास के लिए हथिनीकुंड बैराज पहुंचे थे। सिंचाई विभाग की अनुमति के बाद यह प्रशिक्षण कराया जा रहा था। भारतीय सेना के अनुसार, संयुक्त जल-कौशल प्रशिक्षण के दौरान नाव तेज बहाव की चपेट में आकर डाउनस्ट्रीम बैराज की ओर बह गई. नाव में चालक दल के दो सदस्य लापता हैं। सेना और वायुसेना के साथ स्थानीय पुलिस व नागरिक प्रशासन मिलकर उनकी तलाश कर रहे हैं। वहीं, लापता जवानों में एक जम्मू-कश्मीर का और दूसरा महाराष्ट्र का बताया जा रहा है। फिलहाल दोनों जवानों को खोजने के लिए बड़े स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।