दिल्ली के साकेत इलाके में एक रिहायशी इमारत गिरी, जिससे 1 व्यक्ति की मौत हो गई और कई घायल हुए। रेस्क्यू ऑपरेशन और जांच जारी है।
दिल्ली के साकेत इलाके में शनिवार शाम एक पांच मंजिला रिहायशी इमारत अचानक भरभराकर गिर गई, जिससे आसपास का पूरा इलाका दहशत में आ गया। हादसे के समय इमारत में लोगों के मौजूद होने की आशंका के चलते स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और शुरुआती स्तर पर मदद की कोशिश शुरू कर दी, जबकि मलबे से आवाजें आने की सूचना ने स्थिति को और गंभीर बना दिया।
12 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला
इस दर्दनाक हादसे में अब तक एक व्यक्ति की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि राहत और बचाव दलों ने मलबे से 12 लोगों को सुरक्षित निकाल लिया है। अधिकारियों के अनुसार अभी भी कुछ लोगों के फंसे होने की आशंका बनी हुई है, जिसके चलते सर्च ऑपरेशन को पूरी तरह तेज कर दिया गया है और हर मलबे की परत को सावधानी से हटाया जा रहा है।
मलबे में जारी तलाशी
रेस्क्यू अभियान में अब एनडीआरएफ की टीम भी शामिल हो चुकी है, जो मलबे के भीतर फंसे लोगों की तलाश में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है। टीमों द्वारा थर्मल सेंसर और अन्य उपकरणों की मदद से मलबे में जीवन संकेतों की जांच की जा रही है, जबकि घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाकर प्राथमिक उपचार दिया जा रहा है।
इमारत गिरने के कारणों पर जांच जारी
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इमारत क्यों गिरी, लेकिन प्रारंभिक जांच में संरचनात्मक कमजोरी, पुरानी इमारत और संभावित निर्माण खामियों को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। प्रशासन ने पूरे मामले की विस्तृत तकनीकी जांच के आदेश दिए हैं, ताकि असली कारण सामने आ सके।
पहले भी सामने आ चुके हैं बड़े हादसे
जुलाई 2025 में वेलकम इलाके में चार मंजिला इमारत गिरने से छह लोगों की मौत हुई थी और कई लोग घायल हुए थे। वहीं अप्रैल 2025 में मुस्तफाबाद में हुए हादसे में 11 लोगों की जान चली गई थी, जहां लंबा रेस्क्यू ऑपरेशन भी कई लोगों को नहीं बचा सका था।