Sensex और Nifty में गिरावट, रियल्टी शेयरों में भारी बिकवाली। जानिए आज बाजार क्यों गिरा और इसका आपके निवेश पर क्या असर पड़ेगा?
मंगलवार, 5 मई को शेयर बाजार में गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स 251 अंक गिरकर 77,017 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी भी 86 अंक फिसलकर 24,032 पर आ गया। दिनभर बाजार में उतार-चढ़ाव रहा, लेकिन अंत में दबाव भारी पड़ गया दरअसल, आज के कारोबार में सेक्टर के हिसाब से काफी असमानता दिखी। जहां ऑटो और FMCG शेयरों में खरीदारी हुई, वहीं रियल्टी सेक्टर में जबरदस्त बिकवाली देखने को मिली। यही वजह रही कि बाजार ऊपर टिक नहीं पाया।
रियल्टी शेयरों में बिकवाली क्यों बढ़ी?
सबसे ज्यादा दबाव रियल्टी शेयरों पर दिखा। निवेशकों ने इस सेक्टर में मुनाफावसूली की, जिससे इंडेक्स नीचे खिंच गया, अब समझिए… पिछले कुछ दिनों से रियल्टी शेयरों में तेजी थी। ऐसे में निवेशकों ने मौके का फायदा उठाकर मुनाफा निकालना शुरू किया। इसका सीधा असर बाजार पर पड़ा। गिरावट के बीच कुछ शेयरों ने मजबूती भी दिखाई महिंद्रा एंड महिंद्रा (M&M) करीब 3.68% चढ़ा। इसके अलावा अल्ट्राटेक सीमेंट और हिंडाल्को में भी बढ़त दर्ज की गई। यही वजह रही कि बाजार में गिरावट ज्यादा गहरी नहीं हुई।
कौन से शेयर सबसे ज्यादा टूटे?
दूसरी तरफ, बैंकिंग और कुछ बड़े शेयरों में कमजोरी दिखी। ICICI बैंक, कोल इंडिया और जियो फाइनेंशियल सर्विसेज जैसे शेयरों में गिरावट रही। इनकी वजह से इंडेक्स पर दबाव बना रहा। यही सवाल अब उठ रहा है—क्या बैंकिंग सेक्टर में और कमजोरी आ सकती है? भारतीय बाजार पर ग्लोबल संकेतों का भी असर पड़ा अमेरिकी बाजार 4 मई को गिरावट के साथ बंद हुए थे। डाउ जोन्स में 557 अंकों की गिरावट आई थी। इसका असर एशियाई बाजारों पर मिला-जुला रहा और भारत भी इससे अछूता नहीं रहा।
विदेशी निवेशक क्यों कर रहे हैं बिकवाली?
पिछले 7 दिनों में विदेशी निवेशकों (FII) ने 10,000 करोड़ रुपए से ज्यादा की बिकवाली की है। यह एक बड़ा संकेत है जब विदेशी निवेशक लगातार पैसा निकालते हैं, तो बाजार पर दबाव बढ़ता है। हालांकि घरेलू निवेशकों (DII) ने कुछ हद तक खरीदारी कर संतुलन बनाए रखने की कोशिश की।