LPG डिलीवरी के दौरान इस्तेमाल होने वाला DAC कोड गल

LPG बुकिंग: गलती से डिलीट हो गया DAC कोड? ऐसे फिर से पा सकते हैं गैस सिलेंडर का OTP

नई दिल्ली: एलपीजी गैस सिलेंडर की होम डिलीवरी के लिए अब डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC) जरूरी हो गया है। कई बार ग्राहक यह कोड मैसेज के रूप में मिलने के बाद गलती से डिलीट कर देते हैं, जिससे डिलीवरी के समय परेशानी हो सकती है। हालांकि, गैस कंपनियों ने उपभोक्ताओं के लिए इसे दोबारा प्राप्त करने के आसान विकल्प उपलब्ध कराए हैं।

डिलीवरी मैन से तुरंत मिल सकता है नया कोड

सबसे आसान तरीका यह है कि आप गैस डिलीवरी करने वाले व्यक्ति से नया कोड भेजने का अनुरोध करें। उनके मोबाइल ऐप में “Resend DAC” का विकल्प होता है। इस पर क्लिक करते ही आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर नया 4 अंकों का OTP भेज दिया जाता है।

आधिकारिक ऐप से भी कर सकते हैं रिकवर

इंडियन ऑयल (IndianOil One), एचपी गैस (HP Pay) और भारत गैस (Hello BPCL) के आधिकारिक ऐप्स के जरिए भी DAC को दोबारा देखा जा सकता है।

  • ऐप में लॉगिन करें
  • “Order History” या “Current Booking” सेक्शन खोलें
  • “Get DAC” विकल्प पर क्लिक करें
  • कोड स्क्रीन पर दिख जाएगा

यह सुविधा 24 घंटे उपलब्ध रहती है और डिलीवरी से पहले कोड सेव किया जा सकता है।

कस्टमर केयर से भी मिलेगा समाधान

यदि ऊपर दिए गए तरीके काम नहीं करते हैं, तो उपभोक्ता गैस एजेंसी के टोल-फ्री नंबर पर संपर्क कर सकते हैं। पहचान सत्यापित होने के बाद कस्टमर केयर नया DAC कोड भेज देता है। स्थानीय गैस एजेंसी से संपर्क करके भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है।

उपभोक्ताओं के लिए जरूरी सावधानी

विशेषज्ञों के अनुसार, DAC मैसेज मिलते ही उसे तुरंत सुरक्षित कर लेना चाहिए। इसे स्टार मार्क करना या नोट्स में सेव करना बेहतर रहता है। साथ ही फोन की ऑटो-डिलीट OTP सेटिंग को भी चेक करना चाहिए ताकि भविष्य में समस्या न हो।