लखनऊ में रिटायर्ड ARTO ललित कुमार के घर विजिलेंस छ

रिटायर्ड ARTO के घर विजिलेंस छापा, 13 किलो सोना और 1.62 करोड़ कैश बरामद

Lakhnau News

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी में रिटायर हो चुके सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी ललित कुमार की संपत्ति जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। लखनऊ स्थित उनके घर पर विजिलेंस की करीब 26 घंटे चली कार्रवाई में करोड़ों रुपये की संपत्ति और भारी मात्रा में कीमती सामान बरामद किया गया। विजिलेंस टीम को आवास से 13 किलो सोना, करीब 9 किलो चांदी, हीरे के आभूषण और 1.62 करोड़ रुपये नकद मिले हैं। जांच एजेंसी के मुताबिक बरामद संपत्ति की कुल अनुमानित कीमत करीब 35 करोड़ रुपये है। टीम को कई शहरों में जमीन, मकान और निवेश से जुड़े दस्तावेज भी मिले हैं।

दीवारों और कमरों में छुपा था करोड़ों का कैश

विजिलेंस टीम ने 7 जुलाई को कोर्ट से वारंट लेने के बाद लखनऊ के अलीगंज स्थित चंद्रलोक कॉलोनी में ललित कुमार के आवास पर छापा मारा था। तलाशी के दौरान टीम ने घर के अलग-अलग हिस्सों की जांच की। जांच में करीब 1 करोड़ 62 लाख रुपये नकद बरामद हुए। विजिलेंस के अनुसार कैश को पैकेट बनाकर दीवारों और कमरों के अलग-अलग हिस्सों में छिपाकर रखा गया था। इसके अलावा घर से सोने के बिस्किट, गहने और अन्य कीमती सामान भी मिले।

आय से अधिक संपत्ति मामले में शुरू हुई थी जांच

ललित कुमार के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत के बाद जांच शुरू हुई थी। विजिलेंस के मुताबिक 2024 में कानपुर में तैनाती के दौरान उनके खिलाफ शिकायत दर्ज की गई थी। उस समय वह परिवहन विभाग में संभागीय निरीक्षक तकनीकी के पद पर तैनात थे। जांच में सामने आया कि उनकी ज्ञात आय करीब 93.26 लाख रुपये थी। वहीं संपत्ति खरीदने, रखरखाव और अन्य खर्चों में करीब 1.61 करोड़ रुपये खर्च किए गए। एजेंसी के अनुसार यह खर्च उनकी आय से करीब 68.66 लाख रुपये ज्यादा था। इस अतिरिक्त संपत्ति के संबंध में वह संतोषजनक जवाब नहीं दे सके।

20 करोड़ के सोने-चांदी के साथ संपत्ति के दस्तावेज मिले

विजिलेंस के मुताबिक बरामद सोना, चांदी और आभूषणों की अनुमानित कीमत करीब 20 करोड़ रुपये है। इसके अलावा टीम को लखनऊ, नोएडा, बाराबंकी और रायबरेली में संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज मिले हैं। जांच एजेंसी को लखनऊ के अलीगंज, वृंदावन योजना, इस्माइलगंज, मोहनलालगंज और बालकगंज सहित कई इलाकों में मकान, प्लॉट और कृषि भूमि के कागजात मिले। नोएडा में दो फ्लैट की बुकिंग से जुड़े दस्तावेज भी बरामद हुए हैं। इन अचल संपत्तियों की कीमत करीब 13 करोड़ रुपये आंकी गई है।

कारों और निवेश की भी मिली जानकारी

तलाशी के दौरान विजिलेंस को टोयोटा इनोवा और हुंडई आई20 कार के दस्तावेज मिले। इसके अलावा एक रिवॉल्वर और बैंक, पोस्ट ऑफिस, म्यूचुअल फंड तथा फिक्स्ड डिपॉजिट में किए गए एक करोड़ रुपये से ज्यादा के निवेश की जानकारी भी सामने आई है। विजिलेंस अब बरामद दस्तावेजों और संपत्तियों की आगे जांच कर रही है। एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि सामने आई संपत्तियां किस स्रोत से अर्जित की गईं और इनमें से कितनी संपत्ति आय के ज्ञात स्रोतों से मेल खाती है।