शेयर मार्केट में फिर भूचाल: खुलते ही 1000 अंक टूटा सेंसेक्स
27 मार्च को भारतीय शेयर बाजार में तेज गिरावट दर्ज की गई। सेंसेक्स करीब 1000 अंक यानी 1.30% गिरकर 74,300 के स्तर पर आ गया, जबकि निफ्टी भी 300 अंक टूटकर 23,000 के आसपास कारोबार करता नजर आया। बाजार खुलते ही बिकवाली का दबाव देखने को मिला, जो दिनभर जारी रहा। पिछले कारोबारी सत्र में आई तेजी के बाद निवेशकों ने मुनाफावसूली को प्राथमिकता दी, जिससे बाजार में कमजोरी बढ़ी।
ऑटो और बैंकिंग शेयरों में दबाव, निवेशकों की बिकवाली
आज की गिरावट में ऑटो और बैंकिंग सेक्टर सबसे ज्यादा प्रभावित रहे। इन सेक्टरों के कई बड़े शेयरों में तेज गिरावट दर्ज की गई, जिससे पूरे बाजार का सेंटीमेंट कमजोर हुआ। सेंसेक्स के 30 में से ज्यादातर शेयर लाल निशान में कारोबार करते दिखे। निवेशकों ने जोखिम कम करने के लिए बिकवाली की, जिससे इंडेक्स पर दबाव और बढ़ गया।
वैश्विक संकेत कमजोर, एशियाई बाजारों का मिला-जुला रुख
वैश्विक बाजारों से मिले संकेत भी कमजोर रहे। एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार देखने को मिला, जहां जापान और साउथ कोरिया के इंडेक्स गिरावट में रहे, जबकि हांगकांग और चीन के बाजारों में हल्की बढ़त दर्ज की गई। इस अस्थिरता का असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा और निवेशकों में सतर्कता बढ़ी।
🇺🇸 अमेरिकी बाजार की तेजी का असर नहीं
हालांकि, एक दिन पहले अमेरिकी बाजारों में तेजी देखी गई थी, जिसमें नैस्डैक और S&P 500 बढ़त के साथ बंद हुए थे। इसके बावजूद भारतीय बाजार इस सकारात्मक संकेत को पकड़ नहीं सका और घरेलू कारकों के चलते गिरावट दर्ज की गई। इससे साफ है कि फिलहाल घरेलू और क्षेत्रीय कारक बाजार की दिशा तय कर रहे हैं।
कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव से दबाव
कच्चे तेल की कीमतों में जारी उतार-चढ़ाव भी बाजार के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। ब्रेंट क्रूड करीब 99 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बना हुआ है, जिससे महंगाई और लागत बढ़ने की आशंका बनी हुई है। इसी कारण निवेशक सतर्क रुख अपना रहे हैं और बाजार में दबाव देखने को मिल रहा है।