आप भी यह जानकर हैरान रह गए होंगे। लेकिन LPG यानी लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस को कच्चे तेल की रिफाइनिंग और नेचुरल गैस की प्रोसेसिंग के दौरान तैयार किया जाता है। यह गैस ऊर्जा का एक अहम घरेलू स्रोत है।
कई लोग सोचते हैं कि LPG की गंध नेचुरल होती है, लेकिन ऐसा नहीं है। शुद्ध LPG में कोई गंध नहीं होती, इसलिए इसे पहचानना मुश्किल हो सकता है।
सुरक्षा के लिए LPG में एथाइल मर्कैप्टन नाम का खास केमिकल मिलाया जाता है। यही केमिकल गैस को तेज और अलग पहचान वाली गंध देता है।
अगर सिलेंडर या पाइप से गैस लीक हो जाए तो यही गंध लोगों को तुरंत सतर्क कर देती है। इससे आग या विस्फोट जैसे हादसों को रोका जा सकता है।
जान कर हैरानी होगी कि 1 टन LPG में सिर्फ 20 से 50 ग्राम तक यह केमिकल मिलाया जाता है। लेकिन इतनी मात्रा भी गैस को बहुत तीखी गंध देने के लिए काफी होती है।
यही वजह है कि जैसे ही गैस लीक होती है, उसकी गंध तुरंत महसूस हो जाती है और लोग समय रहते सावधानी बरत सकते हैं।