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भ्रूण हत्या पर रोक लगाने जागा प्रशासन, दी चेतावनी

भ्रूण हत्या पर रोक लगाने जागा प्रशासन, दी चेतावनी
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भ्रूण हत्या पर रोक लगाने जागा प्रशासन, दी चेतावनी

ग्वालियर। शहर में अवैध गर्भपात,भ्रूण हत्या और नर्सिंग होम संचालकों द्वारा पीसी पीएनडीटी एक्ट का उल्लंघन करने के खिलाफ जिला प्रशासन अब जाग गया है। इसके चलते जिलाधीश डॉ. संजय गोयल ने शुक्रवार को इस सम्बन्ध में कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

उल्लेखनीय है कि स्वदेश ने इस सम्बन्ध में अपने 31 मार्च को प्रकाशित अंक में जन्म देने से पहले मौत देने वाली दवाईयों की हो रही बिक्री शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। जिसमें शहर में अवैध गर्भपात,भ्रूण हत्या का काला कारोबार धड़ल्ले से चलने का खुलासा किया था। पूरे शहर में प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के चलते नर्सिंग होम और मेडीकल स्टोर संचालक नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं। जबकि जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों से कतरा रहे हैं।

ब्राण्ड एम्बेसडर बालिकाओं का होगा सम्मान
जिलाधीश डॉ.संजय गोयल ने शुक्रवार को कहा कि बालिकाओं के प्रति सकारात्मक वातावरण निर्मित करने के उद्देश्य से जिले में ब्राण्ड एम्बेसडर बालिकाओं के फोटोयुक्त होर्डिंग लगाए जाएंगे। साथ ही जिले में चयनित ब्राण्ड एम्बेसडर बालिकाओं को सम्मानित भी किया जाएगा। कन्या भू्रण हत्या रोकने संबंधी विषय पर आमजनों को जागरूक करने के लिये पोस्टर व वॉल पेंटिंग प्रतियोगिता भी आयोजित की जाएंगी। जिलाधीश ने पीसीपीएनडीटी एक्ट सलाहकार समिति में हुए निर्णय के पालन में उक्त सभी व्यवस्थाएं अंजाम देने के निर्देश दिए हैं।

नर्सिंग होम के खिलाफ कार्रवाई हो : जिलाधीश
किसी भी नर्सिंग होम के विज्ञापन में यदि यह दर्शाया जाता है कि यहां इलाज कराने से लड़का पैदा होगा तो उस नर्सिंग होम संचालक के खिलाफ पीसी पीएनडीटी एक्ट के तहत कार्रवाई होगी। यह आदेश जिलाधीश डॉ.संजय गोयल ने शुक्रवार को संबंधित अधिकारियों को दिए हैं। गोयल ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को हिदायत दी है कि जिले की हर गर्भवती माता तथा जन्म लेने वाले बच्चे का पंजीयन एमसीटीएस मदर एण्ड चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम में अनिवार्य कराया जाए। उन्होंने कहा कि यदि कहीं भी पीसी पीएनडीटी एक्ट का उल्लंघन पाया जाए तो संबंधित अस्पताल के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

Updated : 2016-04-02T05:30:00+05:30
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