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हुवावे ने अपना ऑपरेटिंग सिस्टम किया लॉन्च

नई दिल्ली। हुवावे ने ऑपरेटिंग सिस्टम लॉन्च कर दिया है। कंपनी ने चीन में इस ओएस को HongmengOS के नाम से लॉन्च किया है। जबकि इसके ग्लोबल वर्जन का नाम हार्मनी ओएस है। नया ऑपरेटिंग सिस्टम लॉन्च किए जाने के मौके पर कंपनी के सीईओ रिचर्ड यू ने बताया कि ऑपरेटिंग सिस्टम स्मार्टफोन, स्मार्ट स्पीकर्स के साथ ही सेंसर्स के साथ भी कंपैटिबल है। कंपनी ने इसे आजकल पॉप्युलर हो रहे इंटरनेट ऑफ थिंग्स का भी हिस्सा बताया है।

हार्मनी ऑपरेटिंग सिस्टम को सबसे पहले स्मार्ट स्क्रीन प्रॉडक्ट्स जैसे टीवी और स्मार्टफोन्स में इस्तेमाल किया जाएगा। अगले तीन सालों में कंपनी इसे दूसरे डिवाइस जैसे वियरेबल्स और कार हेड यूनिट के लिए उपलब्ध कराएगी। कंपनी ने इस ओएस को अभी केवल चीन में लॉन्च किया है और आने वाले समय में इसे ग्लोबली लॉन्च किया जा सकता है।

हुवावे का हार्मनी ओएस ओपन सोर्स है। इसका सीधा मतलब यह हुआ दुनिया की कोई भी स्मार्टफोन कंपनी इस ऑपरेटिंग सिस्टम का इस्तेमाल कर सकती है। हुवावे इस ओएस को ओपन सोर्स के तहत उपलब्ध कराते हुए दुनियाभर के ऐप डिवेलपर्स को इसके लिए कंपैटिबल ऐप बनाने के लिए भी प्रेरित करना चाहता है। हुवावे इस बात को अच्छी तरह समझता है कि ऑपरेटिंग सिस्टम को सफल बनाने के लिए ज्यादा से ज्यादा कंपैटिबल ऐप्स की जरूरत होती है।

रिचर्ड यू ने कहा कि दुनिया में सबसे ज्यादा इस्तेमाल किए जाने वाले ऐंड्रॉयड और आई ओएस बड़ी संख्या में इंटरनेट से कनेक्ट होने वाले डिवाइसेज को सपॉर्ट नहीं करते हैं। हार्मनी ओएस बनाने के पीछे की मुख्य वजह एक सिंगल सॉफ्टवेयर क्रिएट करना है जो ज्यादा मेमरी और पावर वाले स्मार्टफोन, लैपटॉप के साथ ही अन्य डिवाइसेज पर भी काम करे जिनमें छोटे हार्डवेयर का इस्तेमाल किया गया है।

यू ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि हुवावे का यह अपना ऑपरेटिंग सिस्टम स्मार्टफोन्स और लैपटॉप के लिए चीन में इस साल के अंत तक रिलीज कर दिया जाएगा। वहीं इंटरनैशनल मार्केट में कंपनी इसे साल 2020 के मध्य तक लॉन्च करने की प्लानिंग कर रही है। इसके साथ ही यू ने इस बात पर भी जोर दिया कि हुवावे का ओएस स्मार्टफोन्स और लैपटॉप में तभी इस्तेमाल किया जाएगा जब हुवावे को गूगल के ऐंड्रॉयड और माइक्रोसॉफ्ट के विंडोज ऑपरेटिंग सिस्टम का ऐक्सेस नहीं मिलेगा।

हुवावे के स्मार्टफोन्स में ऐंड्रॉयड ऑपरेटिंग सिस्टम को ही प्राथमिकता देते हैं, लेकिन अगर कंपनी को हार्मनी ओएस पर स्विच करने की जरूरत पड़ी तो इसमें कोई परेशानी नहीं आएगी। यू ने आगे बताया कि नए ऑपरेटिंग सिस्टम पर स्विच करने में एक से दो दिन का समय लगेगा और यह बेहद आसान है।

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स्वदेश वेब डेस्क www.swadeshnews.in


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